ऋषिकेश। पुलिस ने बैंक कैशियर को झांसा देकर नकदी और दस्तावेज उड़ाने वाले दो चोरों को गिरफ्तार किया है। चोरों के पास से पुलिस को नकदी और दस्तावेज बरामद हुए हैं। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश कर जेल भेज दिया है।
कोतवाली निरीक्षक रवि सैनी ने बताया कि उत्तराखंड कोऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, गुमानीवाला के कार्यालय प्रभारी अरविंद मोहन कुड़ियाल ने पुलिस को दी तहरीर बताया था कि 15 दिसंबर को वह और कैशियर रविंद्र राणा गुमानी वाला स्थित बैंक बंद करके अलग-अलग वाहन से ऋण वसूली के लिए जा रहे थे। रविंद्र के पास बैग में बैंक का अकाउंट ओपनिंग फॉर्म, रविंद्र राणा का आई कार्ड, नकदी, बैंक के कैश सेफ और मुख्य गेट की चाबियां थीं। रास्ते में एक व्यक्ति ने रविंद्र राणा को रोककर कहा कि उसकी जैकेट पर मिट्टी और गंदा पदार्थ लगा है। रविंद्र राणा ने अपनी मोटरसाइकिल रोककर बैग उतारा और जैकेट साफ करने लगा। जैकेट साफ करने के बाद रविंद्र राणा ने देखा कि बैग किसी अज्ञात व्यक्ति ने उठा लिया है। कोतवाली निरीक्षक ने बताया कि तहरीर पर पुलिस ने चोरी का मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज की जांच और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने शनिवार को श्यामपुर से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों की पहचान गंगाराम और मुकेश निवासी ग्राम मवैया, थाना मेहता गोकुल, जिला हरदोई उत्तरप्रदेश हाल निवासी खदरी खड़क माफ, श्यामपुर, ऋषिकेश, जिला देहरादून के रूप में हुई है। दोनों आरोपियों के पास से पुलिस को पांच हजार की नकदी और चार अकाउंट ओपनिंग फार्म बरामद हुए हैं। दोनों को न्यायालय के समक्ष पेश कर जेल भेज दिया गया है।