ऋषिकेश। लक्ष्मणझूला-नीलकंठ मोटर मार्ग पर गरुड़चट्टी के समीप जिला पंचायत पौड़ी की ओर से वसूला जा रहा अवैध शुल्क का कार्य मंगलवार को बंद हो गया है। अब केवल जिला पंचायत नीलकंठ धाम में पर्यटकों से टैक्स वसूलेगी।
जिला पंचायत पौड़ी की ओर से नीलकंठ धाम में टैक्सी पार्किंग के समीप पर्यटकों से शुल्क वसूला जाता था। इसके लिए बाकायदा जिला पंचायत की ओर से टेंडर प्रक्रिया होती थी, लेकिन वर्ष 2015-16 में जिला पंचायत ने अधिक मुनाफा कमाने की फेर में गरुड़चट्टी के समीप पर्यटकों से टैक्स वसूलने का कार्य शुरू कर दिया था। इसमें रत्तापानी, बैरागढ़, नैल, बिजनी, घट्टू गाड़ आदि जगहों पर जाने वाले पर्यटकों से भी टैक्स वसूलना शुरू हो गया था। शासन-प्रशासन की मिलीभगत के कारण यहां पर्यटकों से सुविधा शुल्क के नाम पर टैक्स वसूली का अवैध कार्य खूब फलफूल रहा था। वर्ष 2020-21 में कोरोनाकाल के चलते यहां वसूली बंद हो गई थी। कोविड में राहत मिलने के बाद फिर यहां टैक्स वसूलने का कार्य जारी हो गया। अधिक मुनाफा कमाने के फेर में नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक की ओर से भी यहां मात्र 20 मीटर की दूरी पर पर्यटकों से ईको पर्यटन शुल्क वसूलना शुरू हो गया। बीते 18 अप्रैल को अमर उजाला ने ‘20 मीटर की दूरी पर वसूल रहे दो-दो टैक्स’ शीर्षक खबर प्रमुखता से प्रकाशित की। हरकत में आई यमकेश्वर विधायक रेनु बिष्ट बीते सोमवार देर शाम गरुड़चट्टी पहुंचीं। निरीक्षण करने के बाद उन्होंने संबंधित कर्मचारियों को यहां पर शुल्क न वसूलने के निर्देश दिए। विधायक बिष्ट ने कहा कि जिला पंचायत की ओर से पर्यटन शुल्क केवल नीलकंठ धाम में ही वसूला जाएगा।
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पहले भी हो चुका है ऐसा
स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता सत्यपाल सिंह राणा ने बताया कि गरुड़चट्टी पुल पर जिला पंचायत की ओर से लिया जा रहा अवैध शुल्क का कार्य तत्कालीन विधायक ऋतु खंडूड़ी के समय में भी बंद हो गया था, लेकिन आपसी सांठगांठ के चलते यह दोबारा शुरू हो गया।
निकाय के टैक्स पर भी उठ रहे सवाल
ऋषिकेश। यहां से मात्र 20 मीटर की दूरी पर नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक की ओर से पर्यटकों से ईको पर्यटन शुल्क वसूला जा रहा है। वर्ष 2018 में निकाय की ओर से इसकी टेंडर प्रक्रिया हुई थी। तब से लेकर अब तक एक ही ठेकेदार यहां पर वसूली कर रहा है। निकाय के पास इसके आय व्यय का कोई हिसाब नहीं है।
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नगर पंचायत स्वर्गाश्रम जौंक की ओर से लिए जा रहे शुल्क की भी जांच की जाएगी। मानकों के अनुसार ही पर्यटकों से शुल्क वसूला जाएगा।
-रेनू बिष्ट, विधायक यमकेश्वर।