ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश
चुनावों खत्म होने के बाद हरिद्वार रुड़की विकास प्राधिकरण (एचआरडीए) ने नगर में हो रहे नवनिर्माण भवनों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान पांच भवन ऐसे पाए गए जो नक्शे के विपरीत बन रहे थे। सचिव ने सभी नियम विरुद्घ निर्माणों पर भवन स्वामियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। मंगलवार को एचआरडीए सचिव केके मिश्र ने हीरालाल मार्ग और वीरभद्र मार्ग पर हो रहे नवनिर्माण भवनों का निरीक्षण किया। इस दौरान हीरालाल मार्ग पर जहां नक्शे के विपरीत निर्माण पाए गए, वहीं वीरभद्र मार्ग पर आवासीय भूखंड पर व्यावसायिक निर्माण की अनियमितता मिली।
सचिव ने मौके पर ही विभाग के एई और जेई को फाइल तलब कर कारण बताओ नोटिस जारी करने का निर्देश दिया गया। औचक निरीक्षण के दौरान कुल पांच नवनिर्माणों का मौका मुआयना किया गया। इनमें से अधिकांश में सेटबैक न छोड़ने की खामी पाई गई। एचआरडीए सचिव ने बताया कि जो निर्माण नियमों के विरुद्घ हो रहे हैं उनके खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी किया जाएगा। इसके बाद 23 अप्रैल को सुनवाई होगी। यदि संतोषजनक जवाब न मिल पाया तो सभी नियम विरुद्ध निर्माणों को सील करने की कार्रवाई की जाएगी।
25 से शुरू होगा निरीक्षण अभियान
एचआरडीए सचिव ने बताया कि चुनावी व्यस्तता के कारण काफी कार्य लंबित पड़े हैं। अवैध निर्माण से जुड़ी सभी फाइलों को 23 अप्रैल को सुनवाई की तिथि नियत की गई है। इसके अलावा नगर भर में अवैध निर्माण की कई शिकायतें आई हैं। क्षेत्रवार नगर का विभाजन कर निरीक्षण अभियान शुरू किया जाएगा। इसके तहत दो दिन हरिद्वार रोड, दो दिन देहरादून रोड जबकि चार दिन तपोवन क्षेत्र के नवनिर्माणों का अभियान चलाकर औचक निरीक्षण किया जाएगा। यह अभियान 25 अप्रैल से शुरू होगा। इसके तहत महायोजना के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों का सर्वे भी किया जाना है।