विधानसभा में फ्लोर टेस्ट के दौरान पुलिस कर्मी ड्यूटी के दौरान न तो मोबाइल का प्रयोग करें और ना ही सोशल मीडिया पर शक्ति परीक्षण को लेकर कोई कमेंट्स करने की भूल न करे। विधानसभा के अंदर किसी को मोबाइल अथवा इलेक्ट्रानिक डिवाइस अंदर न पहुंचने पाए। विधानसभा के बाहर की पूरी वीडियोग्राफी कराने की योजना है।
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पुलिस लाइन में अपर पुलिस महानिदेशक कानून व्यवस्था अनिल कुमार रतूड़ी, अपर पुलिस महानिदेशक अभिसूचना अशोक कुमार, पुलिस महानिरीक्षक कानून व्यवस्था दीपक सेठ, पुलिस उप महानिरीक्षक कानून व्यवस्था पुष्पक ज्योति, जिलाधिकारी रविनाथ रमन, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डा. सदानंद दाते आदि ने विधानसभा के विशेष सत्र के दौरान ड्यूटी करने वाले पुलिस कर्मियों को प्रोफेशनल तरीके से ड्यूटी करने के निर्देश दिए। ड्यूटी के दौरान अपना आचरण निष्पक्ष रखने के साथ किसी भी पक्ष का समर्थन या विरोध ना करे।
यह रहेगा पुलिस बल
पुलिस अधीक्षक एक, अपर पुलिस अधीक्षक चार, सीओ 11, इंस्पेक्टर 11, थाना प्रभारी 18, उप निरीक्षक 76, महिला उप निरीक्षक छह, हेड कांस्टेबल सात, कांस्टेबल 236, महिला कांस्टेबल 54, सात कंपनी पीएसी, दो व्रज वाहन, क्यूआरटी की तीन टीम तैनात की गई है। करीब दस स्थानों पर वीडियोग्राफी कराने की योजना है।
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पुलिस के लिए फ्लोर टेस्ट बना अग्नि परीक्षा
पुलिस
मंगलवार को होने वाला फ्लोर टेस्ट पुलिस के लिए अग्नि परीक्षा से कम नहीं होगा। विधायकों को सुरक्षा के घेरे में विधानसभा तक लाने और फिर उनके ठिकानों तक पहुंचाने की चुनौती रहेगी। भाजपा और कांग्रेस विधायकों को एस्कॉर्ट के जरिए लाने का प्लान है, लेकिन खेमेबाजी में बंटे विधायक कब और कैसे आएंगे, पुलिस देर रात उसकी टोह लेने में जुटी रही।
फ्लोर टेस्ट का रिजल्ट क्या होगा, यह तो मंगलवार सुबह 11 बजे के बाद पता चलेगा। पर फ्लोर टेस्ट हरीश रावत और भाजपा के नेता प्रतिपक्ष के साथ पुलिस के लिए भी कम चुनौती वाला नहीं साबित होगा। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस की जिम्मेदारी और बढ़ गई है।
विधायकों के सुरक्षा वापस किए जाने के बाद पुलिस की मुश्किलें बढ़ गई हैं। राजनीतिज्ञों में जिस तरह आपस में तलवारें खिंची है, ऐसे हालात में किसी अनहोनी की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता है। सुरक्षा को लेकर पुलिस ने पूरी ताकत झोंक रखी है। सात बैरियर लगाकर विधानसभा का सुरक्षा घेरा तैयार किया गया है।
रिस्पना, बाईपास, शास्त्रीनगर, डिफेंस कालोनी आदि स्थानों को सुबह पूरी तरह सील कर दिया जाएगा। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डा सदानंद दाते ने देर रात बताया कि फ्लोर टेस्ट की पूरी तैयारी कर ली गई है। विधायकों की सुरक्षा के मद्देनजर एस्कोर्ट तैयार की गई है। पुलिस लगातार विधायकों के संपर्क में है।
विधानसभा में फ्लोर टेस्ट की अवधि में जुड़े मार्गोँ पर जाने से परहेज करें, क्योंकि सुबह साढ़े नौ बजे विधानसभा के तमाम रास्तों पर लोगों का आवागमन पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा। बाईपास, रिस्पना पुल, आराघर, धर्मपुर मंडी, रिस्पना पुल, छह नंबर पुलिया, जोगीवाला आदि चौराहे प्रभावित रहेंगे। एसएसपी डा सदानंद दाते ने लोगों से इस दौरान वैक ल्पिक मार्गों को प्रयोग करने का अनुरोध किया है।
यह रहेगा डायवर्जन प्लान
. हरिद्वार-ऋषिकेश की तरफ से दून आने वाला ट्रैफिक दूधली के रास्ते आएगा। दून से जाने वाला ट्रैफिक कारगी चौक से दूधली होते हुए डोईवाला निकाला जाएगा।
. हरिद्वार-ऋषिकेश से मसूरी-राजपुर रोड की तरफ जाने वाला ट्रैफिक जोगीवाला से रिंग रोड, लाडपुर, सहस्त्रधारा क्रासिंग से होकर जाएंगे। जिन वाहनों को सहारनपुर और विकासनगर जाना है, वो जोगीवाला से पुलिया नंबर छह, फव्वारा चौक से धर्मपुर चौक होते हुए आईएसबीटी की तरफ जाएंगे।
. जौलीग्रांट और एमडीडीए केदारपुरम से शहर की तरफ आने वाला यातायात जोगीवाला से छह नंबर पुलिया से नेहरू कालोनी तिराहा, धर्मपुर चौक से निकाला जाएगा।
. रिस्पना की तरफ जाने वाले विक्रम नेहरू कालोनी मोड़ तक जाएंगे। यहीं से धर्मपुर की तरफ प्रस्थान करेंगे।
. डोईवाला रूट का विक्रम जोगीवाला से पूर्व आईआईपी मोहकमपुर से ही वापस घुमा दिए जाएंगे।
. केदारपुरम और डिफें स कालोनी से विधानसभा की तरफ जाने वाले वाहन नई बाईपास चौकी से बंगाली कोठी, मोथरोवाला चौक से धर्मपुर या कारगी की तरफ निकाले जाएंगे।
. आईएसबीटी से रिस्पना की तरफ जाने वाले हल्के वाहन मोथरोवाला से बदरीपुर और जोगीवाला की तरफ भेजे जाएंगे।