मुवानी/पिथौरागढ़। खराब मौसम के कारण मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सोमवार को पिथौरागढ़ नहीं आ सके। लगातार दूसरी बार खराब मौसम के कारण मुख्यमंत्री का पिथौरागढ़ दौरा रद्द हुआ है। मुख्यमंत्री के नहीं पहुंच पाने से प्रशासन और कार्यकर्ताओं की ओर से की गई सभी तैयारियां धरी रह गई। मुवानी में जुटे कार्यकर्ता और स्थानीय लोग निराश होकर लौटे। अब सीएम 19 अक्तूबर की सुबह अपने पैतृक गांव आएंगे।
प्रदेश के मुख्यमंत्री का सोमवार से अपने गृह जनपद पिथौरागढ़ जिले का तीन दिवसीय दौरा प्रस्तावित था। तय कार्यक्रम के अनुसार उन्हें सोमवार की सुबह 10 बजे मुवानी स्थित आश्रम में पहुंचना था। उसके बाद पिथौरागढ़ में विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास सहित विभिन्न कार्यक्रम प्रस्तावित थे। 19 अक्तूबर को उनके पैतृक गांव हड़खोला में पूजा और पारिवारिक कार्यक्रम में भाग लेना था। गांव में ही रात्रि विश्राम के बाद अगले दिन 20 अक्तूबर को गुंजी में प्रस्तावित शिव महोत्सव में पहुंचने का कार्यक्रम तय था। इसके लिए प्रशासन और पार्टी स्तर पर व्यापक तैयारियां की गई थीं। मुवानी में अस्थाई हेलीपैड का निर्माण भी प्रशासन ने किया था। डीडीहाट के एसडीएम और तहसीलदार पुलिस बल के साथ पिछले दो दिनों से व्यवस्थाओं में जुटे थे। सीएम के कार्यक्रम को देखते हुए सुबह ही मुवानी घाटी क्षेत्र के गांवों के साथ ही थल, डीडीहाट, बेड़ीनाग, पांखू आदि क्षेत्रों से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मुवानी पहुंचे थे। सीएम के स्वागत के लिए वरिष्ठ नेता रमेश बम, दीपक कार्की, प्रेम भट्ट, उत्तम सिंह डोबाल, महेश पाल, कुंदन सिंह आदि कार्यकर्ता तैयारियों में जुटे रहे।
रैतोली से मुवानी सड़क में पुल निर्माण, विकासखंड की मांग, कन्या जूनियर का उच्चीकरण, राइंका मुवानी में भवन निर्माण, राजकीय महाविद्यालय में विषय बढ़ाने, पशु सेवा केंद्र का उच्चीकरण की उम्मीद थी। लेकिन खराब मौसम के कारण सीएम का दौरा रद्द होने की जानकारी मिलने के बाद लोग निराश होकर वापस लौटे। मुख्यमंत्री धामी का 22 जुलाई को भी पिथौरागढ़ भ्रमण का कार्यक्रम था उस समय भी खराब मौसम के कारण दौरा स्थगित हो गया था।
आज पैतृक गांव हड़खोला आएंगे मुख्यमंत्री
पिथौरागढ़। पिथौरागढ़ जिला प्रशासन ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जिला भ्रमण का संशोधित कार्यक्रम जारी किया गया है। अब सीएम धामी 19 अक्तूबर को सुबह 10.15 बजे हेलीकाप्टर से कनालीछीना विकासखंड के अपने पैतृक गांव हड़खोला पहुंचेंगे। गांव में स्थानीय कार्यक्रमों के साथ ही पारिवारिक और देवपूजा कार्यक्रम में भाग लेने के बाद दिन में दो बजे हेलीकाप्टर से पंतनगर के लिए रवाना होंगे।