पिथौरागढ़। पिथौरागढ़-चंडाक सड़क पर जीजीआईसी के पास 22 करोड़ रुपये से निर्माणाधीन पार्किंग की सुरक्षा दीवार भूस्खलन से झुकने पर कार्यदायी संस्था की दिक्कत बढ़ गई है। अब कार्यदायी संस्था दोबारा भूगर्भीय जांच करेगी। रिपोर्ट के आधार पर ही भावी कार्य का निर्णय लिया जाएगा।
कुछ दिन पूर्व चंडाक सड़क पर जीजीआईसी के पास 22 करोड़ रुपये से 300 से अधिक वाहन क्षमता की पार्किंग का निर्माण शुरू हुआ। आपदा काल में भूस्खलन के चलते लाखों रुपये खर्च कर लगाई गई सुरक्षा दीवार झुक गई। भूस्खलन से चंडाक सड़क भी खतरे की जद में आ गई। ऐसे में पार्किंग के लिए चयनित भूमि को लेकर सवाल उठने शुरू हुए तो अब कार्यदायी संस्था दोबारा भूगर्भीय जांच की तैयारी में जुट गई है।
कार्यदायी संस्था के मुताबिक पार्किंग निर्माण की कंसलटेंसी एडिसिस दीवार झुकने के कारणों का पता लगाने के लिए आईआईटी से संपर्क करेगी। कार्यदायी संस्था ब्रिडकुल का यह भी दावा है कि पूर्व में हुई भूगर्भीय जांच में पार्किंग के लिए चयनित भूमि उपयुक्त है। कहीं कोई दिक्कत नहीं है। संवाद
ब्रिडकुल के सीजीएम ने किया निरीक्षण
पिथौरागढ़। सोमवार को ब्रिडकुल के सीजीएम एसके जैन, प्रोजेक्ट मैनेजर आकाशदीप ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। मौके पर पहुंचे जाग उठा पहाड़ के संयोजक गोपू महर ने कहा कि पार्किंग के लिए चयनित भूमि उपयुक्त नहीं है। यहां पहले से ही निर्माण कार्यों के दौरान निकलने वाला मलबा डंप किया जाता था। ऐसे में यहां करोड़ों की पार्किंग खड़ा करना खतरे से खाली नहीं है। सीजीएम ने उन्हें इस मामले में उचित कार्यवाही का आश्वासन दिया। संवाद
मानसून काल में बंद रहेगा निर्माण कार्य
पिथौरागढ़। निर्माण कार्य शुरू होते ही सुरक्षा दीवार झुकने से कार्यदायी संस्था की मुश्किल बढ़ गई है। लोग चयनित भूमि को लेकर सवाल उठा रहे हैं। बारिश के चलते झुकी दीवार के गिरने का खतरा बना हुआ है। ऐसे में कार्यदायी संस्था ने फिलहाल निर्माण कार्य रोकने का निर्णय लिया है।
कोट
सीजीएम ने टीम के साथ पार्किंग का निरीक्षण किया। चयनित भूमि की भूगर्भीय जांच हो चुकी है, इसके दस्तावेज हमारे पास मौजूद हैं। भूस्खलन से सुरक्षा दीवार झुक गई थी। ऐसे में इसके कारणों का स्पष्ट पता लगाने के लिए दोबारा भूगर्भीय जांच की जा सकती है। कंसलटेंसी से संपर्क किया जा रहा है। - प्रमोद पांडे, जेई, ब्रिडकुल, पिथौरागढ़।