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जिले में 226 स्कूलों में आज से शुरू होगी कोविड नियमों के तहत पढ़ाई

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पिथौरागढ़ एसडीएस स्कूल में सैनिटाइजेशन कराते प्रधानाचार्य। संवाद न्यूज एजेंसी - फोटो : PITHORAGARH
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पिथौरागढ़/चंपावत। जिले में सोमवार से 9वीं से 12वीं तक के कुल 226 सरकारी और अशासकीय स्कूल खोले जाने के लिए शिक्षा विभाग ने पूरी तैयारी कर ली है। सभी विद्यालयों को सैनिटाइज कराया गया है। प्रत्येक स्कूलों को खुद की कोविड एसओपी बनाने के निर्देश दिए गए हैं।
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कोविड गाइडलाइन के तहत स्कूलों में तीन घंटे पढ़ाई होगी। इसमें 9वीं कक्षा के छह विषय और 12वीं कक्षा के चार विषय पढ़ाए जाएंगे। सभी छात्रों को मास्क पहनना अनिवार्य है। जो छात्र मास्क पहनकर नहीं आएगा, उसे विद्यालय प्रबंधन मास्क उपलब्ध कराएगा। कक्षा में बच्चों को खाने का सामान नहीं लाने को कहा गया है। पढ़ाई के दौरान किसी प्रकार का कोई ब्रेक नहीं होगा। बच्चे सामाजिक दूरी के तहत ही कक्षा में बैठेंगे।
पिथौरागढ़ जिले के सीईओ एके जुकरिया ने बताया जिले में 9 से 12 तक के स्कूल खोलने के लिए सभी तैयारी पूरी कर ली गई हैं। उन्होंने कहा आपदा और कोविड को देखते हुए अभिभावकों को बच्चों को स्कूल भेजने के लिए दबाव नहीं बनाया जाएगा। नौ से 12 बजे तक पढ़ाई होगी।
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प्रत्येक स्कूल को अपने खुद की एसओपी बनाने के निर्देश दिए गए हैं। जिन्हें राज्य को भेजा जाना है। एसडीएस के प्रधानाचार्य ने मोहन चंद्र पाठक ने बताया रविवार को स्कूल को सैनिटाइज कराया गया है। उन्होंने बताया कक्षाओं में पूरी तरह सामाजिक दूरी का पालन किया जाएगा।
चंपावत जिले में भी सोमवार से जिले के 150 से ज्यादा स्कूलों की घंटियां बजना शुरू हो जाएगी। इसके तहत नौवीं से 12 वीं कक्षा के छात्र-छात्राओं की ऑफलाइन पढ़ाई शुरू हो जाएगी। स्कूलों के संचालन को लेकर शिक्षा विभाग और प्रशासन ने तैयारी पूरी कर ली है। जीआईसी सहित कई स्कूलों में बने टीकाकरण केंद्र भी रविवार शाम को हटा लिए गए।
जिले के सभी स्कूलों में एक ही पाली में कक्षाएं संचालित की जाएंगी। चंपावत जीआईसी के प्रधानाचार्य मनोज कुमार जोशी ने बताया कि छात्रों के अभिभावकों से सहमति ली गई है।
जीजीआईसी की प्रधानाचार्या निधि सक्सेना का कहना है कि कक्षाएं सुबह आठ बजे से शुरू होंगी। सीईओ आरसी पुरोहित ने बताया कि सभी स्कूलों को एसओपी (मानक संचालन प्रक्रिया) का पालन करते हुए स्कूल खोले जाने के निर्देश दिए गए हैं। स्कूलों के मुआयने के लिए अधिकारियों की टीम भी बनाई गई है।
ज्यादातर निजी स्कूलों में हर दिन 50 प्रतिशत विद्यार्थी पढ़ेंगे
चंपावत। जिले के हाईस्कूल और इंटर के निजी स्कूलों की भी तैयारी पूरी है। विद्यार्थियों की कुल संख्या के 80 प्रतिशत अभिभावकों ने अपने पाल्यों को भेजने का सहमति पत्र दिया है।
उदयन इंटरनेशनल स्कूल के प्रबंधक दीपक जोशी ने बताया कि स्कूल में कोरोना महामारी से बचाव के सभी उपाय कर लिए गए हैं। हर रोज बारी-बारी से 50 प्रतिशत छात्र-छात्राओं की पढ़ाई कराई जाएगी।
कोरोना की वजह से लंबे समय तक स्कूल बंद रहे। सोमवार से स्कूल खुलने से अलग तरह की अनुभूति हो रही है।
हिमांशु सिंह, चंपावत।
बीते कई महीनों से ऑनलाइन पढ़ाई मजबूरी हो गया था। अलबत्ता अब हालात बदलेंगे। फिर से साथियों के साथ पढ़ाई का मौका मिलेगा।
पंकज पाटनी, चंपावत।
कोरोना का भयावह दौर कम होने से स्कूल ही नहीं खुल रहे हैं, बल्कि एक नई उम्मीद भी जग रही है। पुराने तौर-तरीकों से पढ़ाई का सुखद अनुभव भी मिलेगा।
बसंत बिनवाल, चंपावत।
नौ से 12 तक की कक्षा के लिए स्कूल खोलने पर सहमत हैं 82 फीसदी अभिभावक
पिथौरागढ़। कोरोना काल में विद्यालय खुलने के बाद बच्चों को स्कूल भेजने में अभिभावकों में असमंजस है। शिक्षा विभाग ने कुछ दिन पूर्व अभिभावकों से विद्यालय खोलने के लिए सुझाव लिए थे। इसमें कक्षा नौ से 12 तक बच्चों के 82 प्रतिशत अभिभावकों ने स्कूल खोलने को लेकर सहमति जताई है।
शेष 18 प्रतिशत अभिभावक कोरोना की तीसरी लहर को देखते हुए बच्चों को स्कूल नहीं भेजना चाह रहे हैं। शिक्षा विभाग ने जिले के सभी प्राइवेट और सरकारी स्कूलों को निर्देश जारी किए हैं कि विद्यालय को खोलने के बाद कोरोना गाइड लाइन का पालन किया जाए।
शिक्षा विभाग ने विद्यालय खोलने के लिए खंड शिक्षा अधिकारी के माध्यम से सभी प्रधानाचार्यों और अभिभावकों से सुझाव लिए हुए थे। इसमें कक्षा नौ से लेकर 12 तक विद्यालय खोलने को लेकर 82 प्रतिशत अभिभावकों ने सहमति जताई है। 18 प्रतिशत अभिभावक अभी विद्यालय खोलने के पक्ष में नहीं हैं।
कक्षा छह से आठ तक विद्यालय खोलने के लिए 52 प्रतिशत अभिभावकों ने सहमति जताई है। 48 प्रतिशत अभिभावकों ने विद्यालय खोलने के लिए असहमति जताई है। कक्षा एक से पांच तक के विद्यालय खोलने के लिए किसी भी अभिभावक ने सहमति नहीं जताई है।
सीईओ अशोक जुकरिया का कहना है कि सरकार के आदेश के बाद शिक्षा विभाग ने जिले के प्राइवेट और निजी विद्यालयों को निर्देश जारी किए हैं कि विद्यालय खोलने के बाद कोविड गाइडलाइन का पालन किया जाए।
सुरक्षित दूूरी का पालन किया जाए। प्रत्येक बच्चे को मास्क के साथ स्कूल आने के निर्देश जारी किए। साथ ही शिक्षा विभाग ने अभिभावकों के सुझाव निदेशक माध्यमिक और प्रारंभिक शिक्षा को भेज दिए हैं।
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