नगर की जगदंबा कॉलोनी में बनी गोशाला में तेंदुए का बच्चा घुस गया। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद उसे पिंजरे में कैद कर जंगल में छोड़ा। इस दौरान मौके पर भीड़ जुटी रही। सुरक्षा को देखते हुए पुलिस कर्मी भी तैनात किए गए।
जगदंबा कॉलोनी निवासी एचएस खाती की माता ने मंगलवार सुबह गोशाला का दरवाजा खोला तो अंदर से तेंदुए की गुर्राहट सुनाई दी। शोर मचाने पर उनका बेटा एचएस खाती और अन्य लोग मौके पर पहुंच गए। उन्होंने गोशाला में बाहर से कुंडा लगाकर वन विभाग को सूचना दी। गोशाला में तेंदुआ घुसने की सूचना पर कई लोग मौके पर पहुंच गए। एचएस खाती के घर के पास ही हिमालया स्कूल और एसवीएम पब्लिक स्कूल भी है। तेंदुए की सूचना पर छात्र भी डर गए।
सूचना पर वन क्षेत्राधिकारी दिनेश चंद्र जोशी, वन दरोगा हेम चंद्र जोशी, कैलाश चंद्र, वन रक्षक कैलाश सिंह, मनोज सिंह ज्याला, डिगर सिंह, जगदीश सिंह, नवीन चंद पिंजरा लेकर मौके पर पहुंचे। गोशाला के दरवाजे पर पिंजरा लगाया गया, जबकि दरवाजे के शेष हिस्से को जाल से बंद किया गया। इस दौरान तेंदुए को देखने के लिए भारी संख्या में भीड़ जुट गई।
लोगों का शोर सुनकर तेंदुआ गोशाला में रखी लकड़ी और अन्य सामान के नीचे छुप गया। लगभग ढाई घंटे की मशक्कत के बाद करीब 11:30 बजे तेंदुए को काबू में कर पिंजरे में डाला गया। वन क्षेत्राधिकारी दिनेश चंद्र जोशी ने बताया कि तेंदुए के बच्चे की उम्र आठ-नौ माह की होगी।
भुरमुनी में तार बाड़ में फंसा तेंदुआ
पिथौरागढ़। नाकोट क्षेत्र के भुरमुनी गांव में एक तेंदुआ खेत की तारबाड़ में फंस गया। तेंदुआ फंसने की जानकारी मिलने पर आसपास के ग्रामीणों का मौके पर जमावड़ा लग गया। ग्रामीणों ने वन सरपंच ओमकार सिंह खड़ायत को इसकी सूचना दी। उन्होंने वन दरोगा हेम चंद्र जोशी को तेंदुआ फंसने की जानकारी दी।
प्रभागीय वनाधिकारी डॉ. विनय भार्गव के निर्देश पर वन क्षेत्राधिकारी दिनेश चंद्र जोशी और वन विभाग की टीम नगर के जगदंबा कॉलोनी में तेेंदुए के बच्चे का रेस्क्यू करने के बाद भुरमुनी पहुंचे। टीम ने दोपहर 1:30 बजे तेेंदुए को तारबाड़ से सुरक्षित निकाला और बाद में जंगल छोड़ दिया, इसके बाद भुरमुनी के ग्रामीणों ने राहत की सांस ली।