कनालीछीना (पिथौरागढ़)। जिला मुख्यालय से 30 किमी दूर ग्राम पंचायत कापड़ी गांव के बजेत में तेंदुए ने घास काट रही महिला पर हमला कर उसे मौत के घाट उतार दिया। क्षेत्र में घटना के बाद दहशत का माहौल है। महिला की मौत के बाद तीन बच्चों के सिर से मां का साया उठ गया है।
बजेत में उमेद सिंह की पत्नी कलावती देवी (46) बृहस्पतिवार शाम 5:30 बजे घर से आधा किमी दूर मवेशियों के लिए घास काट रही थी। इस दौरान तेंदुए ने महिला पर हमला कर दिया और उसे घसीटते हुए जंगल की तरफ ले गया। महिला के शोर मचाने पर ग्रामीणों ने तलाश में जुटने के साथ पुलिस और वन विभाग को सूचना दी। करीब सात बजे थानाध्यक्ष पवन जोशी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों के साथ महिला की खोजबीन शुरू की। ढाई घंटे बाद महिला का शव घटनास्थल से आधा किमी दूर मिला।
सात लोगों का शिकार कर चुका है तेंदुआ
पिथौरागढ़। जिले में तेंदुआ सात लोगों को मौत के घाट उतार चुका है। पिथौरागढ़ में 21 सितंबर को सुकौली में एक युवक, 24 सितंबर को परिजनों के साथ घर लौट रही छाना पांडे की बालिका, अक्तूबर में पपदेव गांव में घास काट रही महिला को तेंदुआ ने मौत के घाट उतारा था। इसके बाद वन विभाग की टीम के शिकारी सैय्यद बिना हादी को दो आदमखोर तेंदुओं को मारकर दहशत को कम किया था।
अक्तूबर में बेड़ीनाग के भट्टी गांव में तेंदुए ने घर के बार खेल रही बच्ची पर हमला कर उसे मौत के घाट उतारा था। जिसके बाद यहां पर शिकारी जॉय हुकिल ने आदमखोर तेंदुए को पकड़ा था। देवलथल तहसील के रसैपाटा में 17 दिसंबर, टूपा गांव में 19 दिसंबर और 25 जनवरी को आगर में एक महिला को भी तेंदुए ने मार डाला था।
तेंदुए को आदमखोर घोषित करने की मांग
कनालीछीना (पिथौरागढ़)। सामाजिक कार्यकर्ता दीपक भंडारी ने तेंदुए के हमले में मारी गई महिला के परिवार को उचित मुआवजा देने और तेंदुए को आदमखोर घोषित करने की मांग की है। कहा कि क्षेत्र में पिंजरा लगाने के साथ गश्त तेज की जाए। दो माह पूर्व भी तेंदुए ने कापड़ी गांव में एक महिला को घायल किया था। ग्रामीणों ने बताया कि कुछ दिन से तेंदुआ ख्वांतड़ी गांव में दिखाई दे रहा था। यहां पर उसने कई कुत्तों को अपना शिकार भी बनाया।