पिथौरागढ़। पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए बनी थरकोट झील अब नगर के लोगों की प्यास भी बुझाएगी। झील से नगर के लिए नई पेयजल पंपिंग योजना बनेगी। इससे दो एमएलडी पानी पहुंचेगा। इस योजना को स्वीकृति मिली है। योजना बनने के बाद नगर में पेयजल संकट से छुटकारा मिलने की उम्मीद है।
नगर की एक लाख से अधिक की आबादी की प्यास बुझाने के लिए हर रोज 12 एमएलडी पानी की जरूरत है। इसके लिए घाट, आंवलाघाट, ठूलीगाड़ पंपिंग सहित नई पेयजल योजना को धरातल पर उतारा गया है। इन योजनाओं से भी सिर्फ 10 एमएलडी पानी नगर में पहुंचता है।
ऐसे में नगर के लोग आए दिन जल संकट का सामना करते हैं। अब इस गंभीर समस्या से छुटकारा मिलने की उम्मीद है। ऐसा इसलिए कि थरकोट झील से शहरी विकास योजना के तहत नई पंपिंग पेयजल योजना का निर्माण होगा।
इस योजना के तहत 377 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं। इस धनराशि से नगर में विकास कार्यों के अलावा थरकोट से लिफ्ट पेयजल योजना बनाई जाएगी इससे दो एमएलडी पानी की आपूर्ति होगी।
गर्मी में भी नहीं होगी पानी की कमी
आम तौर पर सरयू, रामगंगा सहित जिले की अन्य नदियों का गर्मी में जलस्तर कम हो जाता है। सरयू और रामगंगा नदी से ही घाट और आंवलाघाट पेयजल योजना का निर्माण किया गया है। इनका जलस्तर कम होने से हर गर्मी में नगर के लोग पेयजल संकट का सामना करते हैं। यदि गर्मी में भी थरकोट झील का पानी कम हुआ भी तो यह दो महीने तक नगर के लोगों की प्यास बुझाने में सक्षम रहेगी। ऐसे में इस झील से बन रही पेयजल योजना गर्मी में लोगों के साथ ही जिम्मेदार विभागों को राहत देगी।
- कोट
- थरकोट झील से बनने वाली पंपिंग योजना को स्वीकृति मिली है। जल्द ही इसका निर्माण शुरू किया जाएगा। इस योजना के बनने के बाद नगर में आबादी के सापेक्ष पर्याप्त पानी पहुंचेगा। - रंजीत धर्मसक्तू, अधीक्षण अभियंता, जल निगम, पिथौरागढ़