पौड़ी। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने शनिवार को तहसील चौबट्टाखाल का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने तहसील के विभिन्न पटलों के निरीक्षण में पाई गई खामियों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने अधिकांश राजस्व पुलिस वादों में एफआर लगा देख संदेह जताया। स्थिति को स्पष्ट करने के लिए उन्होंने एफआर द्वारा लगे चोरी संबंधी एक राजस्व वाद की फोन कॉल द्वारा पड़ताल करने पर पता चला कि ग्राम गोंदिया पट्टी कोलागाड निवासी बलबीर सिंह रावत द्वारा दर्ज कराए गए चोरी संबंधी वाद में राजस्व उपनिरीक्षक द्वारा वाद के निस्तारण में गंभीरता नहीं दिखाने पर जिलाधिकारी ने संबंधित राजस्व उपनिरीक्षक के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई करने, जबकि गोंदिया के ग्राम पहरी द्वारा चोरी की सूचना को तहसील तक प्रेषित करने में ढिलाई बरतने पर ग्राम पहरी के पद से हटाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने विभिन्न कार्यालयों से प्राप्त संदर्भों में से लंबित 21 संदर्भों का समय पर निस्तारण के निर्देश दिए। लगभग सात माह से लंबित संदर्भों का निस्तारण नहीं करने पर उन्होंने एसडीएम को संबंधित कानूनगो के प्रति अनुशासनात्मक कार्रवाई करने, जबकि कनिष्ठ सहायक को चेतावनी जारी करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि लंबित सभी संदर्भो का नायब तहसीलदार स्तर से निस्तारण करते हुए इसकी जानकारी का पंजिका में उल्लेख कर प्रमाणपत्र प्रस्तुत करें। डीएम ने आपदा राहत एवं बचाव संबंधी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण डिस्चार्ज व अक्रियाशील अवस्था में पाए जाने, कार्यालय के उपकरणों को खरीदने व मेंटेनेंस में प्रकयूरमेंट नियमावली का अक्षरशः अनुपालन नही करने व निर्वाचन संबंधी सामग्री को स्टॉक पंजिका में दर्ज नही करने पर संबंधित आरके को फटकार लगाते हुए चेतावनी जारी करने के निर्देश दिए। इस मौके पर एसडीएम अनिल चन्याल, तहसीलदार दिवान सिंह राणा, नायब तहसीलदार करिश्मा जोशी आदि मौजूद रहे।