पौड़ी। जिलाधिकारी सुशील कुमार ने कहा कि बच्चों के भविष्य को संवारने को अधिकारी आगे आएं। जनपद में राष्ट्रीय बाल श्रम योजना लागू हो गई है। यह सुनिश्चित कर लिया जाए कि जिले में कहीं भी बाल मजदूरी करते कोई बच्चा नहीं मिलना चाहिए।
बाल श्रम पर रोक को लेकर गठित जिला स्तरीय टास्क फोर्स समिति की जिलाधिकारी कार्यालय कक्ष में बैठक हुई। इसमें डीएम सुशील कुमार ने श्रम अधिकारी कार्यालय के लिए विकास भवन में एक कक्ष स्थापित करने के निर्देश दिए। उन्होंने श्रम विभाग को शिविर लगाकर केंद्र सरकार की लाभकारी योजनाओं की जानकारी मजदूरों को देने निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मजदूर अपनी दैनिक मजदूरी के 90 दिन पूरे करने के बाद सरकार द्वारा संचालित इन योजनाओं से लाभान्वित होने के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराना सुनिश्चित करें। डीएम ने कहा कि बाल मजदूरी में पाए जाने वाले बच्चों को प्रथम दृष्टया उनके अभिभावकों से समन्वय कर उनके घर परिवार में भेजना सुनिश्चित करेंगे। इसके अलावा ऐसे बच्चे, जिनके अभिभावक नही हैं, उन्हें केंद्र सरकार की ओर से चलाई जा रही योजनाओं से लाभान्वित किया जाए। बैठक में अपर जिलाधिकारी रामजी शरण शर्मा, सीओ धन सिंह तोमर, एसडीएम अनिल चन्याल, एसीएमओ एनके त्यागी, जिला समाज कल्याण अधिकारी सुनीता, श्रम अधिकारी केके गुप्ता, अध्यक्ष जागृति संस्था मनीष भट्ट आदि मौजूद रहे।