भीमताल (नैनीताल)। गर्मी में वन्यजीवों के हमले और मूवमेंट बढ़ने से लोगों में दहशत बढ़ती जा रही है। खूंखार हो रहे वन्यजीव लोगों की जान के लिए आफत बने हुए हैं। इस बार खुटानी में गजब मामला सामने आया है जिसमें शिकार की तलाश में घूम रहा तेंदुआ बाइकसवार पर झपटने के दौरान खुद ही फंस गया। गनीमत रही कि बाइकसवार दंपती बाल-बाल बच गया। बाइक के पहिये में फंसकर तेंदुआ असहाय हो गया।
मंगलवार रात लगभग साढ़े सात बजे, घोड़ाखाल गोल्ज्यू मंदिर से दर्शन कर लौट रहे एक दंपती की बाइक के सामने अचानक तेंदुआ आ धमका। हमले के दौरान टक्कर इतनी भयानक थी कि बाइकसवार दंपती तो सड़क पर गिर गया जबकि तेंदुए का पंजा बाइक के पिछले पहिये में बुरी तरह फंस गया। अपनी फुर्ती के लिए जाने जाना वाला तेंदुआ बाइक के पिछले पहिये से फंसकर तड़पता रहा। अपनी जान बचाने के लिए वह जितनी ताकत लगाता, उसका पंजा उतना ही कसता चला गया। इस दौरान बाइक सवार दंपती ने अपनी जान बचाकर दुकान में शरण ले ली लेकिन शिकारी अपनी ही गलती के जाल में खुद फंस गया। खुद को छुड़ाने के चक्कर ने तेंदुए ने बाइक के साथ पास में मौजूद कार को भी नुकसान पहुंचा दिया।
सड़क पर लगा जमघट और मची अफरातफरी
इस अनोखी घटना को देखने के लिए सड़क पर वाहनों की कतारें लग गईं। लोग अपनी सुरक्षा की परवाह किए बिना उस पल का वीडियो बनाने में मशगूल रहे। इस बीच तेंदुए ने वीडियो बना रहे युवक पर झपटने की कोशिश की। हालांकि वह बाल-बाल बच गया। काफी देर तक तेंदुआ खुद को आजाद कराने के लिए संघर्ष करता रहा। वन विभाग की टीम के पहुंचने तक सड़क पर दहशत और तनाव का माहौल बना रहा। करीब एक घंटे तक मौके पर ट्रैफिक प्रभावित रहा। सूचना के दो घंटे बाद पहुंची टीम ने तेंदुए को ट्रैंक्यूलाइज कर लिया।
स्थानीय लोगों से सूचना मिली कि तेंदुआ बाइक में फंस गया है। रानीबाग से बुलाई गई रेस्क्यू टीम ने तेंदुए को ट्रैंक्यूलाइज (बेहोश) कर सुरक्षित निकालने की कवायद शुरू की।
विजय मेलकानी, रेंजर
कोटाबाग में तेंदुए की दस्तक से लोगों में दहशत
कोटाबाग। विकास खंड कोटाबाग में गुलदार का आतंक जारी है। बीती रात ग्राम सभा दोहनिया में उमेश सिंह बिष्ट के घर के पास बंधे गाय के बछड़े पर गुलदार ने हमला कर उसे गंभीर रूप से जख्मी कर दिया। ग्रामीणों का कहना हैं पिछले कुछ समय से गांव में मवेशियों पर लगातार गुलदार हमले कर रहा है। इससे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने घटना की सूचना तत्काल वन विभाग को दी।उन्होंने विभाग से घायल बछड़े के इलाज की व्यवस्था करने, एवं सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की मांग की है।