रामनगर तराई पश्चिमी वन प्रभाग कार्यालय में तैनात कैम्प बाबू दिनेश कुमार।
- फोटो : RAMNAGAR
रामनगर (नैनीताल)। विजिलेंस टीम ने तराई पश्चिमी वन प्रभाग के एक बाबू को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी कैंप बाबू पेड़ों को काटने की अनुमति के लिए संस्तुति देने के एवज में 12 हजार रुपये रिश्वत ले रहा था। विजिलेंस की टीम को पुलिस अधीक्षक सतर्कता ने दस हजार रुपये इनाम की घोषणा की है।
तराई पश्चिमी वन प्रभाग के डीएफओ बीएस शाही के कार्यालय में दिनेश कुमार आशु लिपिक (कैंप बाबू) के रूप में कार्यरत हैं। विजिलेंस निरीक्षक मनोहर सिंह दसौनी के अनुसार भूरे खां पुत्र अहमद अली निवासी ग्राम निजामगढ़ मनोरकपुर प्रथम जसपुर ने हेल्पलाइन 1064 पर 13 जून को शिकायत की थी। 14 जून को पुलिस अधीक्षक सतर्कता अधिष्ठान सेक्टर नैनीताल हल्द्वानी को भ्रष्टाचार की रोकथाम के लिए एक लिखित शिकायती पत्र दिया गया। शिकायतकर्ता द्वारा बताया गया कि वह ठेकेदरी करता है। वह किसानों के खेतों से पेड़ों के कटान से संबंधित दस्तावेजों की तस्दीक तहसील से करवाकर डीएफओ से नपाई के लिए अनुमति लेते हैं। संबंधित वन दरोगा द्वारा पेड़ों की नाप जोखकर रिपोर्ट डीएफओ को दी जाती है। रिपोर्ट के आधार पर उनके द्वारा पेड़ों के कटान की अनुमति दी जाती है। डीएफओ कैंप कार्यालय में नियुक्त आशुलिपिक (कैंप बाबू) दिनेश कुमार ने फाइल तैयार करने के एवज में 20 सागौन के पेड़ों के कटान के लिए 600 रुपये प्रति पेड़ के हिसाब से 12,000 हजार रुपये रिश्वत की मांग की जा रही है।
रुपये लेते हुए रंगे हाथ पकड़ा कैंप बाबू
बुधवार को तराई पश्चिमी वन प्रभाग के कार्यालय में पहुंची ट्रैप टीम ने दिनेश कुमार निवासी ग्राम बघेलेवाला महुवाखेडा, काशीपुर हाल निवासी फॉरेस्ट कंपाउंड रामनगर को 12,000 रुपये रिश्वत लेते हुए पकड़ा। इस संबंध में थाना सतर्कता अधिष्ठान नैनीताल हल्द्वानी में आरोपी दिनेश कुमार के विरुद्ध धारा सात भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम संशोधित 2018 के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया है। इस प्रकरण में संलिप्त अन्य अधिकारियों की संलिप्तता की जांच की जा रही है।
शिकायत पर ट्रैप टीम का किया गठन
शिकायती पत्र की जांच के लिए प्रभारी पुलिस अधीक्षक सतर्कता हल्द्वानी अनिल सिंह मनराल के नेतृत्व में एक टीम गठित की गई। टीम ने मौके पर जाकर जांच की तो शिकायतकर्ता द्वारा लगाए गए आरोप सत्य पाए गए। इस आधार पर निरीक्षक मनोहर सिंह दसौनी के नेतृत्व में ट्रैप टीम का गठन किया गया। निरीक्षक चंचल शर्मा, निरीक्षक भानु प्रकाश आर्य को टीम में शामिल किया गया। तराई पश्चिमी वन प्रभाग के डीएफओ बलवंत सिंह शाही ने बताया कि आरोपी कैंपू बाबू के खिलाफ विभागीय स्तर पर भी जांच की जाएगी और एक पत्र शासन को भी लिखा गया है।