अतिक्रमण मामले में सरकार से किया जवाब तलब
हाईकोर्ट ने शांतिपुरी व जवाहर नगर में सड़कों पर हुए अतिक्रमण को हटाए जाने की मांग को लेकर दायर जनहित याचिका की सुनवाई की। कोर्ट ने सरकार को विस्तृत जवाब पेश करने के निर्देश देते हुए मामले की अगली सुनवाई के लिए 18 दिसंबर की तिथि नियत की है। कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश मनोज कुमार तिवारी और न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। खमियां नम्बर 1 शांतिपुरी निवासी पूरन सिंह चौहान ने कहा था कि 1960-61 में हुए बंदोबस्त के नक्शों में शांतिपुरी क्षेत्र में 5 सड़कें दर्शाई गईं हैं।
वर्तमान में इनमें से एक सड़क गायब है और चार अन्य सड़कें जो 22 फुट की थीं वे अब 8 से 10 फुट की रह गईं हैं। इसमें दोनों तरफ से अतिक्रमण कर कब्जा कर लिया गया है। क्षेत्र के नहरों और तालाबों में भी अतिक्रमण किया गया है। इसमें आमजन को कई तरह की परेशानियां हो रहीं हैं।
चौपहिया मोटर मार्ग के क्षतिग्रस्त होने के मामले में स्थिति स्पष्ट करने के निर्देश
हाईकोर्ट ने अल्मोड़ा शहर में एनटीडी से पार की तूनी तक चौपहिया मोटर मार्ग के क्षतिग्रस्त होने के मामले में नगरपालिका अल्मोड़ा व राज्य सरकार को बृहस्पतिवार तक स्थिति स्पष्ट करने के निर्देश देते हुए मामले की अगली सुनवाई के लिए दो नवंबर की तिथि नियत की है।
कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश मनोज कुमार तिवारी एवं न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। अल्मोड़ा के विधायक मनोज तिवारी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि पिछले एक वर्ष से अधिक समय से एनटीडी से धार की तूनी को जोड़ने वाला चौपहिया मोटर मार्ग जगह-जगह पर क्षतिग्रस्त है। पूर्व में पेयजल विभाग की ओर से मटेला पंप से एनटीडी तक पंपिंग पेयजल लाइन बिछाई गई थी, जिस कारण मोटर मार्ग पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त हो चुका है।