मानसून की बारिश हर साल हल्द्वानी शहरवासियों को दर्द देकर जाती है। नगर में खराब ड्रेनेज व्यवस्था के चलते कभी किसी के घर में पानी भर जाता है तो किसी की दुकान का सामान बारिश के पानी की वजह से खराब हो जाता है। हर साल प्रशासन और नगर निगम के आला अधिकारी जलभराव की समस्या से निजात दिलाने का आश्वासन देते हैं फिर अगले मानसून तक भूल जाते हैं। पिछले साल की इन तस्वीरों को इसलिए प्रकाशित किया जा रहा है कि इस बार भी स्थितियां कुछ जुदा होने वाली नहीं हैं, इसलिए प्रशासन और नगर निगम की टीम पर भरोसा करने के बजाय इस समस्या से निपटने का इंतजाम खुद कर लें...
चौराहों के चौड़ीकरण का मलबा फैला
शहर में 13 चौराहों के चौड़ीकरण का काम रुका पड़ा है। कहीं पेड़ नहीं कटे तो कही बिजली के पोल शिफ्ट नहीं हुए हैं। कई जगह चौड़ीकरण की खुदाई का मलबा फैला पड़ा है। बारिश होने पर मलबा नालों में जाएगा। इससे बरसात के दौरान नाले चोक होना तय है।
15 नाले नहीं हुए साफ
नगर निगम ने अपने 15 नालों का ठेका बहुत देरी से दिया है। इस कारण अब तक निगम के नाले 30 प्रतिशत भी साफ नहीं हुए हैं। बनभूलपुरा, राजपुरा और शनिबाजार क्षेत्र में नाले कूड़े से पटे हैं। ऐसे में 15 जुलाई से पहले इनका साफ होना मुश्किल है। वहीं, निगम क्षेत्र के 60 वार्डों की नालियां भी कूड़े से पटी हैं। बारिश होने पर घरों में जलभराव होना तय है।