हल्द्वानी। भुप्पी हत्याकांड के बाद जिस कोतवाल विक्रम सिंह राठौर को लेकर लोगों में गुस्सा था, लोग उन्हें निलंबित करने की मांग कर रहे थे, डीआईजी ने उनका तबादला पिथौरागढ़ कर दिया है। रविवार को भी हल्द्वानी के बुद्ध पार्क में सामाजिक और राजनीतिक संगठनों से जुड़े लोगों ने कोतवाल के खिलाफ सामूहिक उपवास और धरना प्रदर्शन किया था। भुप्पी हत्याकांड के मामले में कोतवाल विक्रम राठौर लाइनहाजिर चल रहे थे। एसएसपी की संस्तुति के एक सप्ताह बाद भी उनका निलंबन नहीं हुआ।
कालटैक्स निवासी प्रॉपर्टी डीलर भूपेंद्र पांडेय उर्फ भुप्पी पांडेय को 15 दिसंबर को सिंधी चौराहे पर दिनदहाड़े गौरव और सौरभ गुप्ता ने गोलियों से भून दिया था। पुलिस ने मौके से सौरभ गुप्ता को गिरफ्तार कर लिया। तीन दिन बाद गौरव गुप्ता मैनपुरी से पकड़ा गया। घटना के दूसरे दिन परिजनों ने शव को थाने में रखकर प्रदर्शन किया। उनका आरोप था कि आरोपियों को कोतवाल का संरक्षण मिला हुआ है। पुलिस की शह मिलने पर ही भूपेंद्र पांडे की हत्या कर दी गई। परिजन कोतवाल विक्रम राठौर को निलंबित करने की मांग पर अड़े थे। तब एसएसपी सुनील कुमार मीणा ने लोगों को बताया था कि कोतवाल को निलंबित करने के लिए डीआईजी को संस्तुति पत्र भेजा गया है।
पुलिस के मिलीभगत की चल रही है जांच
एसएसपी के निर्देश पर एसपी सिटी अमित श्रीवास्तव हत्याकांड के मामले में पुलिस की लापरवाही और मिलीभगत के आरोप की जांच कर रहे हैं। अभी बयान की प्रक्रिया जारी है। एसपी सिटी ने यह नहीं बताया है कि जांच कहां तक पहुंची है।