रामनगर (नैनीताल)। रामनगर का परिवार रिश्तेदार की मृत्यु में चंदौसी गया हुआ था, जो अपनी कार से जंगल के रास्ते बीते बुधवार को रामनगर पहुंचा। उनके पहुंचते ही पुलिस ने परिवार के चार लोगों को क्वारंटीन कर लॉकडाउन उल्लंघन में मुकदमा दर्ज कर लिया। इनके अलावा छह लोगों के खिलाफ भी लॉकडाउन उल्लंघन में मुकदमा दर्ज किया।
कोतवाली की एसआई सिमरन ने बताया कि रामनगर के सतेंद्र कुमार अग्रवाल अपनी पत्नी निर्मला अग्रवाल, बेटे अनुराग अग्रवाल और पुत्रवधू कोमल के साथ 23 मार्च को अपनी कार से यूपी के संभल जिले के चंदौसी गए थे। चारों अपनी कार से जंगल के रास्तों से छिपते छिपाते 22 अप्रैल को रामनगर पहुंचे थे। उनके पहुंचते ही पुलिस ने चारों को क्वारंटीन कर दिया और उनके खिलाफ लॉकडाउन के उल्लंघन का मुकदमा भी दर्ज किया। सतेंद्र कुमार अपनी चाची की मौत पर चंदौसी गए थे।
इनके अलावा ग्राम टांडा मल्लू निवासी मोहम्मद रफी पुत्र अब्दुल मजीद 21 मार्च को अमरोहा और नरेश पुत्र भगवानदास निवासी ग्राम पूछड़ी 21 मार्च को पीपलसाना मुरादाबाद गया था। ग्राम बसई निवासी दौलत बिष्ट पुत्र किशनसिंह गाजियाबाद में पेपर मिल में काम करता है। मिल बंद होने पर वह 19 अप्रैल को पैदल और लिफ्ट मांग कर घर वापस पहुंच गया।
ग्राम हल्दुआ निवासी दिनेश चंद्र पुत्र ईश्वर दत्त दिल्ली में नौकरी करता है। बाइक से वह वापस घर आ गया। बिंदु शाह पुत्र छिद्दन शाह, नवीन शाह पुत्र बिंदु निवासी टांडा मल्लू 21 मार्च को मुरादाबाद में एक विवाह समारोह में शामिल होने गए थे। जो 17 अप्रैल को वापस घर पहुंच गए। सभी को क्वारंटीन करते हुए उनके खिलाफ लॉकडाउन उल्लंघन का मुकदमा दर्ज किया।