हल्द्वानी। हैड़ाखान से गर्भवती को लेकर सुशीला तिवारी अस्पताल हल्द्वानी आ रही 108 एंबुलेंस का ब्रेक मंगलवार की सुबह फेल हो गया। एंबुलेंस चालक ने खुद तीन लोगों की जान बचाने के लिए सूझबूझ का परिचय देते हुए वाहन को पहाड़ी के किनारे बोल्डर से टकरा दिया। हादसे में चालक घायल हो गया। एंबुलेंस के अगले भाग को तोड़कर उसे बाहर निकाला गया। चालक का कहना था कि ब्रेक शू गरम होने के कारण यह दुर्घटना हुई है।
फतेहपुर चौसला निवासी एंबुलेंस चालक कमल नयाल हैड़ाखान स्यूड़ा की रहने वाली गर्भवती महिला को लेकर मंगलवार की सुबह छह बजे एसटीएच ला रहा था। एंबुलेंस में महिला के पति और फार्मेसिस्ट पंकज बिष्ट बैठे थे। काठगोदाम से करीब दो किलोमीटर ऊपर पहुंचने पर एंबुलेंस के ब्रेक ने काम करना बंद हो गया। उसे कुछ समझ में नहीं आया क्योंकि एक तरफ पहाड़ था और दूसरी तरफ दो किलोमीटर नीचे रोड थी। रोड पर गाड़ी डालने पर किसी के बचने की आशंका कम थी। इसी कारण उसने तत्काल गाड़ी को पहाड़ किनारेबोल्डर से टकरा दिया। एंबुलेंस रुक गई लेकिन गाड़ी का अगला हिस्सा क्षतिग्रस्त होने के कारण उसका पैर स्टेयरिंग में फंस गया।
हिम्मतपुर तल्ला निवासी फार्मेसिस्ट पंकज ने तत्काल पुलिस से मदद मांगी। सूचना मिलते ही काठगोदाम थानाध्यक्ष विमल मिश्रा ने मदद के लिए पुलिस की एक टीम भेजी। पुलिस ने क्षतिग्रस्त एंबुलेंस के एक साइड को तोड़कर चालक को बाहर निकाला। गाड़ी में अंदर बैठी गर्भवती महिला सहित तीन लोग सुरक्षित थे। चालक के पैर, कमर और कंधे में चोट आई है। पुलिस ने अन्य वाहन से महिला और घायल चालक को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया। फार्मेसिस्ट ने बताया कि गर्भवती महिला को एसटीएच में भर्ती कराया गया है। पता चला है कि उसने बच्चे को जन्म दिया है। दुर्घटना किन कारणों से हुई है, इस बारे में एंबुलेंस प्रभारी जांच कराएंगे।