फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

खुले स्कूल, खिले चेहरे, बच्चे बोले बल्ले -बल्ले

विज्ञापन
नैनीताल में कोरोना काल के बाद सोमवार को भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय की छात्राएं स्कूल से घर को जात - फोटो : NAINITAL
विज्ञापन
हल्द्वानी। आधी-अधूरी तैयारियों के बीच सोमवार से जिले में कक्षा नौ से 12वीं तक के सरकारी 226 माध्यमिक स्कूल खुल गए। हालांकि कुछ स्कूलों में सेनिटाइजेशन और थर्मल स्क्रेनिंग की व्यवस्था की गई थी। तीन महीने बाद खुले सरकारी स्कूलों में पहले दिन पंजीकृत 35,832 बच्चों में से 15,122 विद्यार्थी उपस्थित हुए। जबकि 19451 बच्चों ने ऑनलाइन पढ़ाई की। तीन महीने से अधिक बंद स्कूलों के खुलने से छात्र-छात्राओं के चेहरे खुशी से खिल उठे।
विज्ञापन

सोमवार को सुबह साढ़े सात बजे कालाढूंगी रोड स्थित राजकीय बालिका इंटर कॉलेज पहुंची छात्राओं की पहले थर्मल स्क्रीनिंग और सेनिटाइजेशन किया गया, इसके उपरांत छात्राएं क्लासों में गईं। जीआईसी नारायणनगर कुसुमखेड़ा में पहुंचे बच्चों में स्कूल खुलने की बेहद खुशी थी। विद्यार्थियों ने अपने मित्रों से हालचाल जाना। खालसा नेशनल बालिका इंटर कॉलेज में वैक्सीनेशन सेंटर संचालित होने के साथ ही नौवीं से 12वीं तक की कक्षाएं लगीं। एमबी इंटर कॉलेज, एचएन इंटर कॉलेज, महात्मा गांधी इंटर कॉलेज, देवलचौड़ हाईस्कूल में भी तीन महीने के बाद विद्यालय पहुंचे छात्र-छात्राओं में स्कूल खुलने की खुशी दिखाई दी। बीईओ हरेंद्र मिश्रा ने बताया कि जीजीआईसी बनभूलपुरा में वैक्सीनेशन सेंटर की वजह से अभिभावकों द्वारा अपने बच्चे न भेजे जाने की बात सामने आई है। उन्होंने बताया कि हल्द्वानी ब्लाक के स्कूलों में पहले दिन 35 फीसदी उपस्थिति रही।
कई स्कूलों में छह के बच्चे भी पहुंच गए
हल्द्वानी। शासन ने पहले कक्षा छह से 12वीं कक्षा तक ही स्कूल खोलने के निर्देश जारी किए थे लेकिन बाद में इन आदेश में संशोधन कर स्कूलों को कक्षा नौ से 12 तक खोलने के आदेश दिए गए। इस आदेश की जानकारी अभिभावकों को न होने कई स्कूलों में कक्षा छह से आठ तक के बच्चे भी पहुंच गए जिन्हें वापस कर दिया गया।
विज्ञापन

सीईओ बोले
जिले में कक्षा नौ से 12 वीं तक के सरकारी स्कूल खुल गए हैं। पहले दिन बच्चों की 42.20 उपस्थिति दर्ज की गई। सभी स्कूलों के प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए गए हैं कि छात्र-छात्राओं से अभिभावकों की ओर से सहमति पत्र अवश्य प्राप्त किया जाए।
विज्ञापन

-केके गुप्ता, मुख्य शिक्षा अधिकारी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें