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मेडिकल कालेज में फिर रैगिंग

Fri, 10 Jun 2016 12:48 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, हल्द्वानी।
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राजकीय मेडिकल कालेज में रैगिंग का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। सर्जरी एमएस प्रथम वर्ष के छात्र ने यूजीसी की नेशनल एंटी रैगिंग सेल में शिकायत करते हुए सीनियरों पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया। रैगिंग की शिकायत प्राचार्य, विभागाध्यक्ष, डीएम और एसएसपी से भी की गई है। 
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30 मई को एमएस प्रथम वर्ष के छात्र अजीम ने एमएस तृतीय वर्ष के छात्र डा. मयंक कश्मीरा पर रैगिंग करने का आरोप लगाते हुए कालेज प्रशासन से शिकायत की थी। कालेज प्रशासन ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया था। अजीम ने मामले की शिकायत यूजीसी की नेशनल एंटी रैगिंग सेल में भी की। रैगिंग की शिकायत होने पर कालेज प्रशासन हरकत में आ गया था। कालेज की एंटी रैगिंग कमेटी ने पुलिस और अभिभावक संघ के प्रतिनिधियों के सामने करीब तीन घंटे तक आरोपी छात्र और शिकायतकर्ता से पूछताछ की थी। कमीज का बटन बंद करने की बात सामने आई थी। डा. कश्मीरा ने अजीम से शर्ट का बटन बंद करने को कहा था। इसे बेइज्जती समझते हुए शिकायत की गई थी। अजीम ने शिकायत वापस ले ली थी। 

दो दिन पहले मंगलवार को छात्र अजीम ने सर्जरी द्वितीय वर्ष छात्र डा. अमित देवल समेत अन्य वरिष्ठों पर रैगिंग का आरोप लगाते हुए प्रताड़ित किए जाने की शिकायत यूजीसी की नेशनल एंटी रैगिंग सेल में की है। अजीम ने बताया कि मामले की शिकायत विभागाध्यक्ष से भी की थी। उन्होंने मंगलवार को बुलाया था और घंटों बैठाए रखने के बाद भी बात नहीं की। बुधवार को फिर 11 बजे बुलाया दो घंटे बैठाने के बाद एक बजे बुलाया और डराने-धमकाने का प्रयास किया। अजीम ने बताया कि अंदर बैठे सीनियर डाक्टरों ने पिता के साथ भी अभद्रता की।
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इस मामले की शिकायत मेडिकल कालेज के प्राचार्य, सर्जरी विभाग के एचओडी, जिलाधिकारी और एसएसपी से की है। अजीम ने कहा कि शिकायत की प्रति यूजीसी की एंटी रैगिंग सेल को भी भेजेंगे। अजीम ने बताया कि एक अन्य छात्र ने भी शिकायत की थी मगर उसे डरा धमकाकर शिकायत वापस करा दी गई। अजीम ने बताया कि 24 घंटे इमरजेंसी में ड्यूटी कराई जा रही है। कहा कि कैंटीन में चाय पी रहा था और सीनियर छात्र अमित देवल ने अभद्रता की। 
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कोट 
इस मामले की जांच सर्जरी विभाग के विभागाध्यक्ष डा. केएस शाही को सौंपी है। जांच रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी। पीजी में रैगिंग का पहला मामला है। पीजी में आज तक रैगिंग की बात कभी सामने नहीं आई। पूर्व में एंटी रैगिंग कमेटी की बैठक में छात्र ने शिकायत वापस ले ली थी। 
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डा. सीएमएस रावत 
कार्यकारी प्राचार्य, राजकीय मेडिकल कालेज 
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