हल्द्वानी। मोबाइल पर आ रहे सिम बंद होने के मैसेज पर कतई भरोसा न करें। ऐसे मैसेज आपके खाते में डाका डाल सकते हैं। एक रिटायर बैंक कर्मी भी ऐसे ही मैसेज को सच मान बैठा और साइबर ठगों का शिकार होकर साढ़े पांच लाख गंवा बैठा। मुखानी पुलिस मुकदमा दर्ज कर घटना की जांच कर रही है।
बिठौरिया नंबर एक शांति बिहार निवासी एसबीआई से अवकाश प्राप्त हरीश चंद्र सिंह के मोबाइल पर सात मार्च को सिम बंद होने का संदेश आया। नंबर चालू कराने के लिए साइबर ठगों ने एक मोबाइल नंबर पर संपर्क करने के लिए फिर संदेश भेज दिया। ठगों ने सिम चालू करने के लिए एप के माध्यम से दस रुपये का रिचार्ज करने के लिए कहा था। हरीश साइबर ठगों के झांसे में आ गए। उन्होंने दो एप डॉउनलोड कर लिए। ऑनलाइन दस रुपये का तत्काल रिचार्ज होने पर ठगों को मौका मिल गया। इसके बाद ठगों ने उनके खाते से छह किस्तों में साढ़े पांच लाख रुपये निकाल लिए। थानाध्यक्ष सुशील कुमार ने इस मामले में एसओजी से सहयोग मांगा तो एसओजी ने तत्काल संदेह में आए बंगाल के एक बैंक खाते को बंद करा दिया है। पुलिस को भरोसा है कि तत्काल सूचना देने का लाभ पीड़ित को मिल सकता है।