हॉकी, क्रिकेट, एथलेटिक्स, फुटबाल समेत कुल 11 खेल एक छत के नीचे मुहैया कराने वाला भारत का पहला अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम हल्द्वानी में मार्च तक बनकर तैयार हो जाएगा।
75 एकड़ में बन रहे इस स्टेडियम का करीब 40 फीसदी काम पूरा हो चुका है। स्टेडियम में करीब 224 करोड़ रुपये खर्च होने की उम्मीद है। मार्च 2016 तक इसे पूरा करने का लक्ष्य है। स्वीमिंग पुल का काम लगभग पूरा हो चुका है।
2018 में होने वाले राष्ट्रीय खेलों के लिए हल्द्वानी और देहरादून में अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार स्पोर्ट्स स्टेडियम का निर्माण कराया जा रहा है। स्टेडियम में एक मल्टीपर्पज कांप्लेक्स बनाया जाएगा।
इसमें वॉलीबाल के दो कोर्ट, टेबिल टेनिस हॉल(इसमें कई टेबिल लगाई जा सकेगी), दो बाक्सिंग रिंग, एक जूडो रिंग, एक ताइक्वांडो रिंग, दो बास्केटबाल कोर्ट, दो टेनिस कोर्ट और अंतरराष्ट्रीय सुविधाओं से लैस स्वीमिंग पुल होगा।
इसके अलावा स्टेडियम में एस्ट्रोटर्फ से लैस दो हॉकी ग्राउंड होंगे। एथलेटिक्स ग्राउंड के बीच में ही फुटबाल मैदान होगा। क्रिकेट का मैदान होने के साथ-साथ प्रैक्टिस के लिए अलग से इंडोर पिच की भी व्यवस्था की गई है।
खिलाड़ी इसमें अभ्यास कर सकें, इसका भी ध्यान रखा जाएगा। इसमें डेढ़ सौ लड़कियों के लिए हॉस्टल की भी व्यवस्था की गई। लोगों को परेशानी न हो इसके लिए स्टेडियम में डेढ़ हजार गाड़ियां पार्क करने की भी व्यवस्था की गई है।