हल्द्वानी पुलिस क्राइम कंट्रोल के नाम पर मुकदमे दर्ज ही नहीं कर रही है या मुकदमे तब दर्ज किए जा रहे हैं, जब मामले खुल जा रहे हैं। पुलिस के आंकड़ों में ये खुलासे हो रहे हैं।
तीन सालों के मुकदमों पर गौर करें तो एक जनवरी से लेकर नौ सितंबर तक हल्द्वानी सर्किल के सभी थानों में इस साल सबसे कम मुकदमे दर्ज हुए हैं। केस दर्ज करने में हल्द्वानी कोतवाली सबसे आगे और मुखानी सबसे पीछे है। चोरी के मुकदमे पुलिस न के बराबर दर्ज कर रही है। हाल यह है कि बाइक चोरी के मामले पुलिस बाइक बरामद करने के बाद दर्ज कर रही है। हीरानगर और बनभूलपुरा क्षेत्र में ऐसे एक-एक मामले सामने आ चुके हैं।
केस एक- एक महीने बाद दर्ज हुआ चेन स्नेचिंग का मामला
मुखानी थाना क्षेत्र में तीन अगस्त 2024 को एक महिला के साथ चेन स्नेचिंग हुई। इस मामले को पुलिस ने तीन सितंबर 2024 को दर्ज किया।
केस दो- 11 दिन बाद दर्ज हुआ मारपीट का मामला
केस तीन- पांच जून का मामला 30 जून को दर्ज हुआ
पांच जून को एक व्यक्ति ने पुलिस को सौंपी तहरीर में कहा कि उनकी गाड़ी एक अन्य गाड़ी से टकरा गई। इस दौरान लोगों ने मुखानी चौराहे के पास उससे मारपीट की। पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। पीड़ित मामला लेकर एसएसपी के पास पहुंचा। इसके बाद 30 जून 2024 को यह मामला दर्ज किया गया।
केस चार - 27 दिन बाद सड़क हादसे का केस दर्ज हुआ
चोरपानी रामनगर निवासी महिला ने पुलिस को 24 मई को तहरीर सौंपी। तहरीर में कहा कि उनके पति लोकसभा चुनाव की ड्यूटी कर 20 अप्रैल को लौट रहे थे। इस दौरान टेंपो ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में उनकी मौत हो गई। पुलिस ने 21 जून 2024 को मुकदमा दर्ज किया।
केस पांच- दहेज उत्पीड़न का मामला 29 दिन बाद दर्ज हुआ
मुखानी थाना क्षेत्र में 24 मई को पीड़िता ने दहेज उत्पीड़न के मामले में तहरीर दी। इस मामले को 23 जून को दर्ज किया गया।
आंकड़े बोलते हैं-
थाना 2022 2023 2024
काठगोदाम 130 132 101
मुखानी 230 244 158
हल्द्वानी 478 478 325
बनभूलपुरा 285 255 173
नोट- ये आंकड़े (एक जनवरी से नौ सितंबर तक) सीसीटीएनएस से लिए गए हैं।
सभी थाना प्रभारियों से जांच कर मुकदमे दर्ज करने के लिए कहा गया है। सभी थानों में मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं। कहीं कोई मामला संज्ञान में आएगा तो संबंधित पर कार्रवाई की जाएगी।