नैनीताल। मां पाषाण देवी मंदिर में शुक्रवार को कुमाऊं की भिटौली परंपरा के तहत 111 महिलाओं को भिटौली भेंट की गई। उन्हें साड़ी, सुहाग का सामान और पकवान भेंट किए गए। जीवन वर्षा कला समिति और मां पाषाण देवी मंदिर समिति ने यह कार्यक्रम आयोजित किया। जगदीश भट्ट ने बताया कि यह परंपरा बीते पांच वर्ष से निभाई जा रही है। इसमें उन महिलाओं को चुना जाता है जिनके मायके पक्ष से कोई नहीं होता या वे भिटौली देने में अक्षम होती हैं। सभी महिलाओं को मायके पक्ष से हमेशा साथ खड़े रहने का वचन भी दिया गया।
इस वर्ष नैनीताल, हल्द्वानी, भवाली, महरागांव, भीमताल, ओखलकांडा की महिलाओं का चयन किया गया। पूजन आदि के साथ चैत्र माह में होेने वाली कुमाऊं की भिटौली परंपरा निभाई गई और महिलाओं को एहसास दिलाया गया कि वह अकेली नहीं हैं। इसमें हेमा पंत, गीता जोशी, तारा देवी, ममता मिश्रा, आशा मनराल, तुलसी बिष्ट, रीता सुयाल, दीपा बर्गली आदि थे।