हल्द्वानी। उच्चशिक्षा विभाग द्वारा संचालित कुमाऊं के कई राजकीय महाविद्यालयों में बिना मान्यता के विषय चल रहे हैं। कुमाऊं विश्वविद्यालय द्वारा सभी महाविद्यालयों से मान्यता संबंधी प्रमाण मांगे जाने पर खलबली मची है। पूर्व में शासन को भेजे गए पत्रों की फाइलें तलाश की जा रही हैं।
कुमाऊं के सबसे बड़े महाविद्यालय एमबीपीजी कॉलेज में एमए में भूगोल, संगीत, शिक्षाशास्त्र, संस्कृत केअलावा बीएससी कंप्यूटर साइंस विषय शासन की बिना स्वीकृति के संचालित हो रहे हैं। इसी तरह राजकीय महिला महाविद्यालय के अलावा कुमाऊं के दूसरे डिग्री कालेजों में कई विषय बिना मंजूरी के चल रहे हैं। शासन से विषयों की मान्यता के लिए न तो उच्चशिक्षा निदेशालय द्वारा ही कोई प्रयास किए गए और न ही महाविद्यालयों के स्तर पर ही कोई पहल की गई। इन विषयों को राजभवन से संबद्धता न होने का मामला पिछले वर्ष उजागर होने तथा कुछ लोगों द्वारा आरटीआई के माध्यम से शासनादेश मांगे जाने पर एमबी कॉलेज प्रशासन ने आनन फानन में एमए संगीत में दाखिले बंद कर दिए थे। बाद में शुरू कर दिए गए। बताते हैं कि कुमाऊं विवि प्रशासन ने राजकीय महाविद्यालयों के साथ ही सभी संस्थानों से संचालित पाठ्यक्रमों की मान्यता के बारे में प्रमाण मांगे हैं। राजकीय महाविद्यालयों में संचालित पाठ्यक्रमों की मान्यता की फाइलें तलाशी जा रही हैं।
डिग्री कालेजों में चल रहे बिना मान्यता के कई विषय
कुमाऊं विश्वविद्यालय ने मांगे मान्यता के प्रमाण