बेस और सुशीला तिवारी अस्पताल में डायरिया पीड़ित 19 बच्चों को भर्ती कराया गया है। बेस में एक बच्चे की हालत गंभीर है। सोमवार को बेस अस्पताल में डायरिया के सात नए मामले आए। बच्चों को उल्टी, दस्त और बुखार की शिकायत होने पर भर्ती कराया गया है। निजी अस्पतालों को यदि शामिल कर लिया जाए तो डायरिया पीड़ितों की संख्या लगभग सौ के पार होगी।
गर्मी बढ़ने के साथ ही संक्रामक बीमारियां फैलनी शुरू हो गई हैं। बेस अस्पताल में अराध्या निवासी गौरी नगर (07 माह), आयशा निवासी लाइन नंबर 12 (06.6 वर्ष), शुभम निवासी सुल्तान नगर गौजाजाली (03 वर्ष), तालिम निवासी लालकुआं (05 माह), अयान निवासी जवाहर नगर (01 वर्ष), पारस निवासी गांधी नगर (2.6 वर्ष), सलमान निवासी लाइन नंबर 6 (06 माह), फरमान निवासी आजाद नगर (08 वर्ष), ताहिरा निवासी पीपलपोखरा (04 माह), अबूजर निवासी गोपाल मंदिर (04 वर्ष), जगदीप सिंह निवासी हरिपुर (01 वर्ष), अबुद्दीन निवासी नई बस्ती (03 वर्ष), शना परवीन निवासी पप्पू का बगीचा (2.6 वर्ष), खुशी निवासी नवाड़खेड़ा गौलापार (11 माह), सजना निवासी जवाहर नगर (07 वर्ष), ममता निवासी चोरगलिया (07 वर्ष), मनी निवासी गौलागेट राजपुरा (02.6 वर्ष) को भर्ती कराया गया है।
सोमवार को ही गंभीर हालत में राहुल जोशी निवासी चोरगलिया (15 वर्ष) को भर्ती कराया गया। बेस में बाल रोग विशेषज्ञ डा. एसएस बिष्ट ने बताया कि राहुल की हालत गंभीर थी और उसे इमरजेंसी में रखा गया था। दूसरी ओर एसटीएच में विशु त्यागी निवासी कुसुमखेड़ा (10 माह) को भर्ती कराया गया है।
ये बरतें सावधानी
= खुला हुए खाद्य पदार्थ न खाएं।
= पानी उबालकर ठंडा होने के बाद पीएं।
= आसपास पानी न जमा होने दें।
= बाहर से आने के बाद हाथ धोकर खाना खाएं।
= पानी जैसे दस्त होने पर ओआरएस एवं जिंक का घोल पिलाएं।
= ओआरएस न होने पर नमक, नींबू और चीनी का घोल पिलाएं।
ये हैं लक्षण
= बच्चे का चिड़चिड़ा होना।
= बार बार दस्त होना।
= नियमित दिनचर्या न होना।
= बच्चे को उल्टी होना।
= पेशाब कम होना।
= दूध या खाना कम खाना।
मौसम में बदलाव के कारण सावधान रहने की जरूरत है। दूषित खाना खाने और पानी पीने के कारण डायरिया होता है। सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए। बच्चे को ज्यादा दिक्कत होने पर तत्काल चिकित्सक से संपर्क करें।
डा. नीरज त्रिपाठी
वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ
बेस अस्पताल
नहीं हुआ डायलिसिस सेंटर का रिन्युअल
हल्द्वानी। राही हेल्थ केयर का करार आठ मार्च को समाप्त हो चुका है। स्वास्थ्य महानिदेशक के मौखिक आश्वासन पर बेस अस्पताल में लोगों को डायलिसिस की सुविधा मिल रही है। बेस अस्पताल के सीएमएस डा. एससी पंत के कई बार रिन्यूअल के लिए पत्राचार करने के बावजूद स्वास्थ्य महकमे और शासन की नींद नहीं टूट रही है। तीन माह में एक माह का समय गुजर गया है।
डायरिया पीड़ित भानू की स्थिति में सुधार
हल्द्वानी। डायरिया पीड़ित भानू की हालत में सुधार हुआ है। बिंदुखत्ता विकासनगर लालकुआं निवासी प्रमोद एवं ममता ने उल्टी-दस्त होने के कारण अपने जुड़वा बच्चे भानु एवं भास्कर (05 माह) को रविवार को सुशीला तिवारी अस्पताल में भर्ती कराया था। भास्कर की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। एसटीएच के एमएस डा. एके पांडेय ने बताया कि भानु की हालत में सुधार है।
कालाजार के मरीज की हालत स्थिर
हल्द्वानी। कालाजार से पीड़ित भीमताल ब्लाक के बगड़ निवासी हेम चंद्र की हालत में सुधार है। हेम चंद्र का ब्लड सैंपल दोबारा जांच के लिए भेजा गया है। एसटीएच के एमएस डा. एके पांडेय ने बताया कि हेम को खून चढ़ाया गया था। उन्होंने बताया कि बोन मैरो का सैंपल जांच के लिए भेजा है। बोन मैरो की रिपोर्ट चार दिन में आएगी।