बैजरो। पिछले चार साल से पीपीपी मोड पर संचालित ब्लॉक बीरोंखाल के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार नहीं हो पाया है। स्थिति यह है कि अस्पताल में सीटी स्कैन व जरनल अल्ट्रासाउंड की व्यवस्था तक नहीं है। जिससे दुर्घटनाएं होने पर मरीजों को कुमाऊं मंडल के रामनगर और हल्द्वानी स्थित हायर सेंटर रेफर करना पड़ रहा है। लोगों का कहना है कि वह इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग और स्वास्थ्य मंत्री से गुहार लगा चुके हैं, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
ब्लॉक बीरोंखाल के 267 गांवों की आबादी 41,000 के आसपास है। प्रदेश सरकार ने वर्ष 2020 में ग्रामीणों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए विश्व बैंक परियोजना के माध्यम से पीपीपी मोड पर संचालित हुआ। चार साल बाद भी स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार नहीं होने से यह अस्पताल रेफरल सेंटर बना हुआ है। दुर्घटना में घायल व्यक्ति को लेकर सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बीरोंखाल ही पहुंचते हैं, लेकिन यहां अल्ट्रासाउंड और सीटी स्कैन की सुविधा नहीं मिल पाती है। अस्पताल में केवल गर्भवती महिलाओं का अल्ट्रासाउंड ही होता है। अन्य मरीजों को जान जोखिम में डालकर रामनगर, काशीपुर, कोटद्वार समेत अन्य बड़े शहरों में जाना पड़ता है।
बीरोंखाल से रामनगर 105 किमी, हल्द्वानी 160 किमी और कोटद्वार 145 किमी दूर है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि बैजरो से संचालित होने वाला 108 आकस्मिक सेवा वाहन खराब ही रहता है। दुर्घटना की स्थिति में थलीसैंण व नैनीडांडा ब्लॉक से 108 एंबुलेंस बुलाना पड़ता है। 108 सेवा के अभाव में कई बार मरीज व घायलों को अस्पताल पहुंचाना चुनौती बन जाता है। वहीं, लोगों का कहना है कि वे स्वास्थ्य विभाग के साथ ही स्थानीय विधायक व स्वास्थ्य मंत्री से कई बार गुहार लगा चुके हैं, लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। जिसका खामियाजा बीरोंखाल की जनता को भुगतना पड़ रहा है।
प्रोजेक्ट जिन सेवाओं के लिए अनुबंधित है। वह सभी सुविधाएं अस्पताल में मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही हैं। सीटी स्कैन व जरनल अल्ट्रासाउंड की सेवा अनुबंध में शामिल नहीं है। यदि सरकार अनुबंध में सीटी स्कैन व जरनल अल्ट्रासाउंड की सुविधा को शामिल करती है, तो वे मरीजों को यह सेवाएं भी उपलब्ध कराएंगे।
- डॉ. प्रतीक, संचालक, शुभम सर्वम मेडिकल प्रोजेक्ट
.
अस्पताल में सीटी स्कैन, जरनल अल्ट्रासांउड की सुविधा उपलब्ध कराने और आकस्मिक सेवा वाहन 108 की सेवा में सुधार के लिए आज ही सीएमओ पौड़ी से वार्ता हुई है। उन्होंने जल्द ही अस्पताल में सुविधाएं उपलब्ध कराने का भरोसा दिया है।
- डॉ. शैलेंद्र सिंह रावत, प्रभारी चिकित्साधिकारी सीएचसी बीरोंखाल