रविवार की सुबह दो घंटे की बारिश से शहर में कई कॉलोनियों में जलभराव हो गया तो अपर रोड के नीचे के बाजारों में सिल्ट आ गई। सिल्ट आने से नाले चोक हो गए और बारिश के पानी के साथ सीवर गंगा में पहुंच गया। छुट्टी के दिन सिल्ट उठाने के लिए नगर निगम से कोई नहीं पहुंच सका। पूरे दिन बाजार में बंद जैसे हालात रहे।
रविवार की सुबह दो घंटे बारिश हुई। तेज बारिश से भगत सिंह चौक और चंद्राचार्य चौक के बीच पानी भर गया। हालांकि आवाजाही से पहले करीब 10 बजे तक पानी निकल गया। कई स्थानों पर भूमिगत लाइन बिछाने के लिए खोदे गए गड्ढों की मिट्टी सड़क और नालों में भर गई। कनखल में संदेशनगर व लाटोवाली के साथ कई कॉलोनियों में जलभराव हो गया। लॉकडाउन के चलते खड़ी गाड़ियां पानी में आधी डूब गईं। इस पर टैक्सी यूनियनों के पदाधिकारियों ने आक्रोश जताया। हरिद्वार में रेलवे स्टेशन के सामने के आश्रमों, होटलों, दुकानों और घरों में पानी भर गया। हालांकि एसडीएम गोपाल सिंह चौहान ने रेलवे प्रशासन को अलग से नाले बनाने के लिए निर्देश दिए गए थे, लेकिन कोई काम शुरू नहीं हो सका।
अपर रोड की सड़कों पर जमा हुई सिल्ट
पिछले सप्ताह एक अगस्त को हुई बारिश से आई सिल्ट पूरी तरह से साफ नहीं हुई थी कि रविवार को फिर बारिश से मनसा देवी के नीचे के पहाड़ से सिल्ट बाजारों में पहुंच गई। अपर रोड के मोतीबाजार, विष्णुघाट, सब्जी मंडी, रामघाट, बड़ा बाजार व पुराना बाजार आदि में सिल्ट से सड़क पर आवागमन प्रभावित रहा। इससे बाजारों में बंदी जैसा हाल रहा।