हरिद्वार। राज्य सूचना आयुक्त राजेंद्र कोटियाल ने अपने एक महत्वपूर्ण अपील का निस्तारण करते हुए पारित आदेश में सचिव शहरी विकास उत्तराखंड शासन को अपने अधीनस्थ समस्त लोक सूचना अधिकारियों से सूचनाएं विभागीय वेबसाइट पर डाउनलोड कराना सुनिश्चित करने का आदेश दिया है।
आयुक्त ने सचिव लोक सूचना अधिकारियों को कठोर निर्देश जारी करते हुए कहा कि वह सूचना का अधिकार के अंतर्गत आने वाले प्रार्थना पत्रों के निस्तारण में किसी भी प्रकार का विलंब न करें। सूचनाओं को समय पर देना सुनिश्चित करें। नगर पालिका परिषद मसूरी से संबंधित द्वितीय अपील का निस्तारण करते हुए आयोग ने अभिमत व्यक्त किया कि सूचना अधिकार लागू हुए 10 साल से अधिक समय व्यतीत हो चुका है और महीनों बाद तक शुल्क अदा करने के बाद भी लोक सूचना अधिकारियों द्वारा समय पर सूचनाएं नहीं दी जा रही हैं। उन्होंने लोक सूचना अधिकारियों को भविष्य के लिए निर्देशित किया कि वे अपने कार्यालय में सूचनाएं अद्यतन तैयार और सूचनाएं विभागीय वेबसाइट पर डाउनलोड करें ताकि कोई भी अपीलार्थी उन्हें प्राप्त कर लें। आयोग ने गौर किया कि हरिद्वार के एक व्यक्ति ने लोक सूचना अधिकारी नगरपालिका मसूरी को 10 जून 2015 को चार बिंदुओं का सूचना का आवेदन पत्र भेजा गया था। शुल्क देने के बाद भी अपूर्ण तथा अप्रमाणित सूचनाएं दी गई। द्वितीय अपील की सुनवाई पर लोक सूचना अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण के साथ व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का आदेश दिया था। एक फरवरी को नगरपालिका मसूरी के लोक सूचना अधिकारी / ईओ डीएस राणा आयोग में उपस्थित हुए और सूचनाएं समय से नहीं दे पाने के लिए लिखित रूप में क्षमा करने का प्रार्थना पत्र दिया। सूचना देने में विलंब के लिए दोषी पालिका कर्मियों के खिलाफ की गई कार्यवाही भी आयोग में प्रस्तुत की गई है।