उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री सुनील भराला ने कहा कि भगवान परशुराम पर राजनीति बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वे इस धरती पर भ्रष्टाचारियों और राक्षसों का विनाश करने वाले अवतार हैं।
शनिवार को उत्तरी हरिद्वार स्थित श्री निजात्म प्रेमधाम में दो दिवसीय राष्ट्रीय परशुराम परिषद की राष्ट्रीय कार्यकारिणी का चिंतन शिविर के समापन पर कैबिनेट मंत्री सुनील भराला ने समाज को आगे बढ़ाने और जरूरतमंदों की सेवा के लिए संकल्प कराया। उन्होंने समाजवादी पार्टी की ओर से उत्तर प्रदेश में भगवान परशुराम की प्रतिमा लगाने को राजनीति करार दिया। उन्होंने नसीहत देते हुए कहा कि भगवान परशुराम देश के करोड़ों लोगों के आराध्य हैं। उनके नाम पर राजनीति बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए जूना अखाड़ा के महामंडलेश्वर स्वामी यतींद्रानंद गिरि ने कहा कि ब्रह्ममण समाज ने शिक्षा, कुरीतियों को दूर करने का काम किया है। उन्होंने राम मंदिर के निर्माण शुरू होने पर खुशी जताई। संचालन सुनील दत्त ने किया।
चिंतन शिविर में उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, महाराष्ट्र, पंजाब से समाज के पदाधिकारी शामिल हुए। इस मौके पर महामंडलेश्वर स्वामी शिव प्रेमानंद, विहिप के केंद्रीय मंत्री आचार्य राधा कृष्ण मनोड़ी, सतपाल ब्रह्मचारी, तुषा शर्मा, नवीन गॉड, अजय झा, स्वामी ज्ञान प्रेमानंद, विनोद शर्मा, सुरेंद्र शर्मा, अजीत शर्मा, राहुल पाराशर, ओम प्रकाश वशिष्ट, आरडी पाठक, मोदीनगर के पूर्व विधायक रामाश्रय शर्मा, कुलदीप भारद्वाज, अनिल वत्स, प्रवीण शर्मा, सुरेंद्र कौशिक, वीरपाल दीक्षित, रघुवीर शर्मा, भागवताचार्य पुष्पेंद्र पुरी आदि शामिल हुए।