ब्यूरो/अमर उजाला, हरिद्वार। रुड़की के क्याकिंग केनोइंग कोच फिरोज खान को अवैध हिरासत में रखकर प्रताड़ित करने की आरोपी इंस्पेक्टर साधना त्यागी को जिले से बाहर का रास्ता दिखा गया है। पुलिस मुख्यालय में बैठे उच्च अधिकारियों की अनुकंपा के चलते तबादला होने के बाद भी लंबे समय से जिले में डटी हुई थी। एसएसपी जन्मेजय प्रभाकर खंडूड़ी ने इंस्पेक्टर को टिहरी जनपद के लिए रिलीव कर दिया है। प्रकरण की जांच अभी सीओ मंगलौर डीएस रावत कर रहे हैं।
रुड़की की सिविल लाइन कोतवाली की निरीक्षक रहते हुए साधना त्यागी और तब एसएसआई रहे हरपाल सिंह ने क्याकिंग केनोइंग कोच फिरोज खान को अवैध हिरासत में रखकर प्रताड़ित किया था। क्याकिंग केनोइंग कोच ने प्रधानमंत्री कार्यालय, मुख्यमंत्री, डीजीपी से लेकर आला अफसरान को पत्र लिखकर कार्रवाई की गुहार लगाई थी। प्रार्थना पत्र की जांच कर रहे एसपी क्राइम मंजूनाथ टीसी ने अपनी रिपोर्ट एसएसपी जन्मेजय प्रभाकर खंडूड़ी को सौंपी थी।
उस रिपोर्ट के आधार पर उस वक्त रानीपुर कोतवाली में जमी निरीक्षक साधना त्यागी को हटाया गया था और सिविल लाइन कोतवाली में उसके और एसआई हरपाल सिंह के खिलाफ प्रभावी धाराओं में मुकदमा दर्ज हुआ था। एसएसपी ने मुकदमे की जांच सीओ मंगलौर डीएस रावत को सौंपी थी। उच्च अधिकारियों से पहुंच के चलते टिहरी तबादला होने के बावजूद भी निरीक्षक कई माह से जिले में ही जमी हुई थी। मुकदमा दर्ज होने के बाद वह छुट्टी चली गई थी और अब एसएसपी जन्मेजय प्रभाकर खंडूड़ी ने उसे टिहरी जनपद के लिए रिलीव कर दिया है। एसएसपी ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि उन्हें रिलीव कर दिया गया है।