लोहाघाट में नर्सरी गधेरे के नीचे पाइप लाइन टूटने से बर्बाद जाता पानी।
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लोहाघाट (चंपावत)। नगर में जहां एक ओर पेयजल संकट बना हुआ है, वहीं दूसरी ओर प्रतिदिन हजारों लीटर पानी पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त होने से बर्बाद हो रहा है। क्षतिग्रस्त पेयजल योजना को सही करने के लिए जल संस्थान ने लीकेज बंद नहीं की। इस पर लोगों ने नाराजगी जताई है।
नगर के लिए बनी चौड़ी लिफ्ट पेयजल योजना में फोर्ती से पेयजल लाइन आती है। लंबे समय से यह पेयजल लाइन नर्सरी गधेरे के नीचे नदी में टूटी हुई है। इससे प्रतिदिन हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। लोहाघाट नगर में प्रतिदिन 2160 केएल पानी की जरूरत है, जिसके विपरीत मात्र 720 केएल पानी ही रोज मिल पा रहा है। पानी की कमी का खामियाजा नगर क्षेत्र के लोगों को भुगतना पड़ रहा है। नगर में लोगों को दूसरे या तीसरे दिन पेयजल की आपूर्ति की जा रही है जिसमें मात्र करीब 30 से 40 मिनट ही पानी मिल पाता है।
लोग नौलों, हैंडपंपों के अलावा शिवालय मंदिर स्थित स्टैंड पोस्ट, नर्सरी गधेरे, अक्कलधारे से पानी ढोने के लिए मजबूर हैं। लोगों ने जल्द पेयजल लाइन को ठीक न करने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। इधर जल संस्थान के सहायक अभियंता पवन बिष्ट का कहना है कि एनएच की ओर से मोटर मार्ग पर कार्य के दौरान पाइप लाइन में मलबा डालकर उसे क्षतिग्रस्त किया गया था। इसके लिए एनएच को पत्र भेजा है। जल्द ही जल संस्थान और एनएच के अधिकारियों की ओेर से संयुक्त निरीक्षण कर वास्तविक स्थिति का पता कर समस्या का समाधान किया जाएगा।