विनोद काला/भुवन पाटनी
टनकपुर/बनबसा (चंपावत)। पर्वतीय मार्गों के लिए छोटे वाहनों की कमी से टनकपुर डिपो की आय कम होने के साथ ही यात्री भी परेशानी झेल रहे हैं। केवल छह बस के भरोसे कुछ पर्वतीय मार्ग पर टनकपुर डिपो यात्रियों को सुविधा मुहैया करा पा रहा है। डिपो ने निगम मुख्यालय को दस नई बस उपलब्ध कराने के लिए डिमांड भेजी है।
उत्तराखंड परिवहन निगम के टनकपुर डिपो में वर्तमान समय में निगम की 103 और अनुबंधित 19 बस हैं जिसमें मात्र छह बस पहाड़ी मार्ग के लिए संचालित की जा रही हैं। टनकपुर डिपो की नैनीताल, बेड़ीनाग, धारचूला, गनाई मार्ग पर ही बस संचालित हो रही हैं जबकि झूलाघाट, डीडीहाट, नाचनी, भागीचौरा पिपली मार्ग पर बस संचालन ठप है। फोरमैन सुरेश चंद्र पांडेय ने बताया कि पर्वतीय क्षेत्रों में संचालित होने वाले वाहनों के लिए सात लाख किलोमीटर और मैदानी क्षेत्रों पर संचालित होने वाले वाहनों के लिए आठ लाख किलोमीटर तक का मानक तय है। किलोमीटर मानक पूरा कर चुके वाहनों को नीलाम किया जाता है। संवाद
कोट
निगम की 10 बस किलोमीटर की समयावधि पूरी कर चुकी हैं, उनकी नीलामी की जानी है। सरकार से दस नई बस की मांग की गई है। नेपाल से संचालित होने वाली मैत्री बस नियमों का उल्लंघन कर संचालित की जा रही हैं। जिससे टनकपुर डिपो की आय प्रभावित हो रही है।
-पवन मेहरा,आरएम टनकपुर डिपो।