बनबसा (चंपावत)। नेपाल की एक मैत्री बस के संचालक पर परमिट के उल्लंघन का आरोप लगा है। इसका विरोध करने पर नेपाली बस चालक, परिचालक ने उत्तराखंड परिवहन निगम के बनबसा केंद्र प्रभारी कुलदीप शर्मा से धक्का मुक्की की। धमकाने का भी आरोप है। इससे सहमे रोडवेज के बुकिंग प्रभारी ने टनकपुर डिपो के सहायक महाप्रबंधक संचालन से आरोपियों पर उचित कार्रवाई करने और पुलिस संरक्षण की मांग की है।
रोडवेज केंद्र बनबसा के प्रभारी कुलदीप ने रोडवेज डिपो टनकपुर के सहायक महाप्रबंधक संचालन को शिकायती पत्र भेजा है। इसमें लिखा गया है कि नेपाल की बसें बनबसा से जबरन सवारियों को अपनी बसों में बैठा रही हैं, जिससे बनबसा केंद्र की आय प्रभावित हो रही है। इसी क्रम में 22 फरवरी को जब उन्होंने बनबसा से सवारी बैठाने से मना किया तो महाकाली यातायात बहुउद्देश्यीय कंपनी प्रा. लि. नेपाल की बस संख्या 3432 के चालक, परिचालक ने उनसे अभद्रता की और धक्का मुक्की कर धमकाया।
इस दौरान नेपाली बस चालक, परिचालक ने एक यात्री को जबरन नेपाल की बस में बैठाया तो उस यात्री का टिकट बनबसा केंद्र प्रभारी के पास ही रह गया। उन्होंने ऐसी घटनाएं रोकने की मांग की है। वहीं नेपाल की मैत्री एवं टूर एंड ट्रैवल के नाम पर संचालित बसों की डग्गामारी रोकने के लिए स्थानीय व्यापारी भी कई बार लामबंद हुए हैं। इसके तहत व्यापार मंडल के पूर्व अध्यक्ष भरत भंडारी ने शासन, प्रशासन से नेपाल की बसों को परमिट के तहत संचालित कराने की मांग की है।
नेपाली मैत्री बसें नेपाल से सवारी लेकर सीधे तय भारतीय गंतव्य तक जाएंगी। परमिट की शर्तों के मुताबिक वे भारत से यात्री नहीं ले जा सकते। इसलिए बनबसा से सवारी लेकर नेपाली बस चालक, परिचालक परमिट का उल्लंघन कर रहे हैं। इसे रोकने के लिए कई बार पत्र व्यवहार किया गया है।
- पवन मेहरा, आरएम, रोडवेज डिपो टनकपुर (चंपावत)।