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Champawat News: कठौल गांव में हाथियोें का उत्पात, फसल रौंदी

Sun, 10 Mar 2024 10:01 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
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टनकपुर (चंपावत)। जिले के दूरस्थ डांडा कठौल क्षेत्र में जंगली हाथियों का उत्पात बढ़ गया है। जंगल से सटे कठौल गांव के किसानों की गेहूं की फसल को हाथियों ने रौंद दिया। ग्रामीणों ने वन विभाग से मुआवजा और हाथियों के उत्पात पर अंकुश के लिए गश्त बढ़ाने की मांग की है।
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ग्रामीणों ने बताया कि तीन-चार दिनों से हाथियों का झुंड गांव में घुस रहा है। हाथी अब तक केदार सिंह, गुमान सिंह, राम सिंह और नैमा देवी की गेहूं की फसल को रौंद चुके हैं। हाथियों ने कई ग्रामीणों के कच्चे झालों को भी क्षति पहुंचाई है। ग्राम प्रधान मोहन सिंह और ग्रामीणों ने वन विभाग से क्षति आकलन कर मुआवजा देने की मांग की है। दोगाड़ी वन रेंज के रेंजर रमेश चंद्र जोशी ने बताया कि आबादी में हाथियों को आने से रोकने के लिए गश्त बढ़ाई जा रही है। उन्होंने ग्रामीणों को सतर्क रहने कहा गया है।

किसानों के लिए मुसीबत बने लावारिस पशु

बनबसा (चंपावत)। बनबसा के सुदूरवर्ती देवीपुरा और गुदमी ग्रामसभा के ग्रामीण लावारिस पशुओं से परेशान हैं। आए दिन लावारिस पशु किसानों की मेहनत पर पानी फेर रहे हैं। लावारिस पशुओं ने बीती रात मझगांव निवासी ग्रामीण मानी चंद, संजय उप्रेती, ललित मोहन जोशी और सूरज सिंह धामी की कई बीघा जमीन पर लगी गेहूं की फसल को नष्ट कर दिया।
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देवीपुरा के प्रधान दीपक प्रकाश चंद और गुदमी की प्रधान विनीता राना ने बताया कि रात के समय लावारिस पशुओं का झुंड खेतों में पहुंचकर फसल को नष्ट कर रहा है। दोनों प्रधानों ने ज्ञापन भेज शासन प्रशासन से लावारिस पशुओं को पकड़ने की मांग की है।


महिलाओं ने प्रदर्शन कर बंदरों के आतंक से निजात दिलाने की उठाई मांग

लोहाघाट (चंपावत)। विकासखंड बाराकोट के चौमेल में बंदरों के उत्पात से किसान परेशान हैं। रविवार को महिलाओं ने वन विभाग से बंदरों के उत्पात से निजात दिलाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। ममता पाठक ने बताया कि बंदर इतने बेखौफ हो गए हैं कि घरों में घुसकर सामान उठा ले जा रहे हैं। खेतों से सब्जियां, पेड़ों के फलों को चट कर रहे हैं। भगाने पर बंदर लोगों पर हमला भी करने से नहीं डर रहे हैं। बंदरों के डर के कारण लोग बच्चों को अकेले स्कूल भेजने में भी डर रहे हैं। महिलाओं ने वन विभाग से बंदरों को पकड़ने की मांग उठाई। ग्राम प्रधान प्रकाश महर ने कहा कि बंदरों से छुटकारा दिलाने के लिए जल्द ही एक प्रतिनिधिमंडल वन विभाग के अधिकारियों से मिलेगा। प्रदर्शन करने वालों में ममता बिष्ट, चंचला देवी, आशा देवी आदि महिलाएं शामिल रहीं।
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