रोडवेज इम्पलाइज यूनियन का आंदोलन जारी है। शनिवार को तीसरे दिन भी यूनियन से जुडे़ कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार कर प्रदर्शन किया। यूनियन ने दो टूक कहा है कि कर्मचारियों और निगम हित से जुड़ी मांगें स्वीकार होने तक संघर्ष जारी रखा जाएगा। इधर कार्य बहिष्कार में यूनियन से जुडे़ चालक-परिचालकों के भी शामिल होने से बसों का संचालन तीन दिन से प्रभावित है। शनिवार को भी क्षेत्रीय अध्यक्ष वीरेंद्र पुरी के नेतृत्व में कर्मचारियों ने डिपो कार्यशाला गेट के पास निगम प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी कर जोरदार प्रदर्शन किया।
इस मौके पर हुई सभा में कर्मचारी नेताओं ने कहा कि उनकी लड़ाई सिर्फ समय संचालन कक्ष में लिपिकों की तैनाती को लेकर नहीं है, बल्कि महिला कर्मचारियों की फील्ड ड्यूटी लगाने के बजाय उन्हें कार्यालयों में तैनात करने, चालक-परिचालकों पर थोपी गई माह में 2388 किमी. चलने की बाध्यता खत्म कर उपस्थिति के आधार पर वेतन भुगतान करने जैसी मांगों को लेकर भी है। उन्होंने कहा कि मंडलीय प्रबंधक का वार्ता से बीच में उठकर अन्य संगठनों के कर्मचारियों को लाना और नारे लगवाने से विवाद बढ़ा है। उनका कहना है कि सहायक मंडलीय प्रबंधक ने समय संचालन कक्ष में लिपिक के तैनाती आदेश में संगठन विशेष और उसके उच्च पदाधिकारियों का नाम लिखकर विभागीय नियमों का उल्लंघन किया है। धरना-प्रदर्शन में कर्मचारी नेता संतोष गुप्ता, हुकुम चंद, कुलदीप गुप्ता, दीप शाह, कमलेश द्विवेदी, शंकर भट्ट, कपिल त्रिपाठी, राजकिशोर शुक्ला, भगवत स्वरूप वर्मा आदि शामिल हैं।