हरेला पर्व पर दिगालीचौड़ में लगे मेले में बिंडा तिवारी गांव से ब्रह्म देवता की डोला यात्रा निकली। इस दौरान बड़ी तादाद में मौजूद श्रद्धालुओं को ब्रह्म देवता ने आशीर्वाद दिया।
बुधवार को ब्रह्म देव मंदिर में सुबह से ही पूजा-अर्चना का दौर शुरू हो गया। ब्रहमखल में देव गद्दी लगी जहां देव डांगरों ने अवतरित होकर श्रद्धालुओं के कष्टों का निवारण कर आशीर्वाद दिया। देव डांगर विद्याधर तिवारी, सेवक हरिदत्त तिवारी श्रद्धालुओं के साथ खाली रथ के साथ जवानी गढ़ के बाद ढुंगाबोरा तक गए जहां पर हुल्का देवी का मायका बताया जाता है।
ब्रह्म देव का श्रृंगार करने के बाद श्रद्धालु देव डांगर को कंधे पर लेकर जवानी गढ़ तक लाए। रथ में सवार ब्रह्म देवता अपने गण और श्रद्धालुओं के साथ ढाई किमी. की सीधी चढ़ाई पार करते हुए ब्रह्म देव मंदिर में आए।
मंदिर की परिक्रमा करने के साथ ही तीन दिनी महोत्सव संपन्न हुआ। मेले में दिगालीचौड़, बिंडा तिवारी, ढुंगा, चौंडला, नाकोट खोलिया, पटौली, खिलपिती, मानाढुंगा, बांकू, कमलेडी आदि स्थानों से श्रद्धालु पहुंचे हुए थे। मेले में खूब खरीदारी भी हुई। मेले में शांति-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस का व्यापक बंदोबस्त किया गया थ।
महोत्सव समिति के अध्यक्ष मोनू बिष्ट ने सभी सहयोगियों का आभार जताया। आयोजन में राम सिंह, शिवराज सिंह, नेत्र राम, हरीश अधिकारी, रमेश सिंह, नवीन तिवारी, कैलाश तिवारी, पूरन चंद्र, पंकज पांडेय, दिवान सिंह, केशव आदि ने सहयोग किया।
चंपावत हरेले मेले में बड़ी संख्या में उमड़े लोग, खूब हुई खरीदारी
चंपावत। चंपावत के गोरलचौड़ मैदान में हरेले पर्व पर मेले का आयोजन हुआ। मेले में बड़ी तादाद में लोग उमड़े। इस मौके पर लगी दुकानों में जमकर खरीदारी हुई। बच्चों ने मिकी माउस सहित झूलों का खूब लुत्फ उठाया। महिलाओं, बड़े-बुजुर्ग तमाम लोगों ने मेले का आनंद लिया। भारी भीड़ के मद्देनजर सुरक्षा के लिए पुलिस का तगड़ा बंदोबस्त था।