ब्लाक पोखरी के हापला में चार साल से बंद पड़े आईटीआई संस्थान को फिर से शुरू कराने की मांग जोर पकड़ने लग गई है। जनप्रतिनिधियों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन भेजकर इस संस्थान का संचालन फिर से शुरू करवाने की मांग की।
जनप्रतिनिधियों ने कहा कि साल 2015 में प्रदेश सरकार की ओर से एससीबीटी (स्टेट काउंसिल ऑफ वॉकेशनल ट्रेनिंग) के तहत हापला में आईटीआई संस्थान शुरू किया गया, जिसमें तीन ट्रेड मोटर मैकेनिकल, इलेक्ट्रिशियन और वेल्डर शुरू गिया गया था। यहां हर ट्रेड में कम से कम 15-15 सीटें थीं। यहां क्षेत्र में खदेड पट्टी और हापला घाटी के दर्जनों गांव आते हैं। यहां के युवाओं को तकनीकी शिक्षा प्रदान करने के लिए यह संस्थान खोला गया था। लोगों ने कहा कि सरकार को यहां ट्रेड के साथ संसाधन बढ़ाए जाने चाहिए थे, जिससे अधिक से अधिक युवा तकनीकी शिक्षा हासिल कर सकते, लेकिन प्रदेश सरकार ने वर्ष 2019 में एससीबीटी के तहत खोले ऐसे संस्थानों को बंद कर दिया। तब से इस कॉलेज में ताला लटका हुआ है, जिससे क्षेत्र के युवा तकनीकी शिक्षा से वंचित हो रहे हैं। ज्ञापन भेजने वालों में कांग्रेस के प्रदेश सचिव सत्येंद्र नेगी, कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष कुंवर चौधरी, नगर अध्यक्ष संतोष चौधरी, मसोली के प्रधान देवेंद्र लाल, गुणम के पूर्व प्रधान जीत सिंह नेगी, प्रधान संगठन के ब्लॉक अध्यक्ष धीरेंद्र राणा, पाटी जखमाला के प्रधान प्रेम सिंह और बीडीसी सदस्य भरत नेगी आदि शामिल थे।