कहा-उपजिला अस्पताल कर्णप्रयाग में सही से नहीं किया जा रहा इलाज
सीएमओ बोले, युवती की मौत अस्पताल में नहीं घर में हुई
संवाद न्यूज एजेंसी
कर्णप्रयाग। उपजिला अस्पताल कर्णप्रयाग में मरीजों से बाहर से दवाइयां मंगवाने, जांच बाहर से कराने के विरोध में और आठ अक्तूबर को इलाज के दौरान एक युवती की मौत होने से गुस्साए कपीरी विकास संघर्ष समिति, व्यापार संघ व गांधीनगर के लोगों ने तहसील में प्रदर्शन किया। आरोप लगाया कि अस्पताल में सही इलाज नहीं किया जा रहा है। उन्होंने एसडीएम के माध्यम से सीएम को ज्ञापन भेजा और अस्पताल में व्यवस्थाएं सुधारने व दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
मंगलवार को गुस्साए लोग तहसील पहुंचे और प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि उपजिला अस्पताल में मरीजों का इलाज ठीक से नहीं किया जा रहा है। आरोप लगाया कि बीते आठ अक्तूबर को डिडोली (ग्वाड़) गांव की रीता पुंडीर की मौत डॉक्टरों की लापरवाही, गलत दवाइयां और इंजेक्शन देने से हुई। उन्होंने सीएम को ज्ञापन देकर अस्पताल में व्यवस्थाएं सुधारने की मांग को लेकर ज्ञापन भी दिया। इस मौके पर कपीरी संघर्ष समिति के अध्यक्ष खिलदेव रावत, बृजेश बिष्ट, भगवान कंडवाल, विजय कुमार आदि थे। वहीं, सीएमओ डॉ. राजीव शर्मा ने सभी आरोपों को निराधार बताया। कहा कि विगत एक माह से अस्पताल पर अनावश्यक दबाव बनाया जा रहा है। इससे डॉक्टरों व कर्मचारियों को मानसिक दबाव झेलना पड़ रहा है। रीता पुंडीर की मौत अस्पताल में नहीं बल्कि उसके घर में हुई। रीता के परिजन डाॅक्टरों काे बिना बताए उसे अस्पताल से अपने घर ले गए थे। जो दवाइयां व जांचें अस्पताल में हैं, उसकी सुविधा दी जा रही है।