बागेश्वर। गलघोंटू रोग से कपकोट विकासखंड के चचई गांव में लगातार हो रही मौतों को लेकर सोमवार को ग्रामीणों ने कांग्रेस प्रदेश महामंत्री और पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण के नेतृत्व में सीएमओ कार्यालय में करीब साढ़े छह घंटे तक धरना दिया। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की। सीएमओ डॉ. बीडी जोशी की ओर से 15 दिन में एंटी टॉक्सीन के इंजेक्शन मंगाने का लिखित आश्वासन देने के बाद उन्होंने धरना समाप्त किया।
चचई से जिला मुख्यालय पहुंचे चचई क्षेत्र के लोग सुबह साढ़े ग्यारह बजे से सीएमओ कार्यालय में धरने पर बैठ गए। इस मौके पर विधायक ललित फर्स्वाण, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष हरीश ऐठानी ने स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि गलघोंटू रोग से जुलाई से अब तक चचई गांव में सात बच्चों की मौत हो चुकी है। जगथाना गांव में भी एक बच्चे की मौत हुई है, लेकिन स्वास्थ्य महकमा आज तक गलघोंटू रोग का कारगर एंटी टॉक्सीन इंजेक्शन तक नहीं मंगा पाया है। पूर्व विधायक फर्स्वाण ने कहा कि स्वास्थ्य महकमे के अधिकारी एंटी टॉक्सीन इंजेक्शन महंगा होने की बात कर रहे हैं, क्या लोगों की जान इतनी सस्ती है कि महंगा इजेंक्शन भी नहीं मंगाया जा सकता।
यह लोग सीएमओ के मौके पर आने की जिद पर अड़े रहे। सीएमओ मुख्य सचिव की वीडियो कांफ्रेंसिंग में होने कारण वह मौके पर नहीं पहुंचे तो लोगों का गुस्सा और बढ़ गया। करीब चार बजे बाद सीएमओ धरना स्थल पर पहुंचे। लोगों ने उनके सामने कड़ा विरोध जताया। कहा कि स्वास्थ्य महकमे ने टीमें गठित कर अपने कर्तव्यों की इतिश्री कर ली। पूर्व विधायक फर्स्वाण ने मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की मांग की। लंबी वार्ता के बाद शाम करीब सवा पांच बजे सीएमओ ने 15 दिन के भीतर एंटी टॉक्सीन इंजेक्शन मंगाने का लिखित आश्वासन दिया। इसके लोगों ने धरना समाप्त किया। धरने में जिपं सदस्य सुरेंद्र खेतवाल, रेखा आर्या, रमेश हरड़िया, युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष कवि जोशी, निर्मला जोशी, सज्जन लाल टम्टा, हरीश जोशी, केदार राम, सुरेश सिंह, रणजीत कोहली, श्याम लाल, भीम कुमार, जीवन सिंह, गणेश राम, पीके बघरी, भुवन जोशी, रोहित खेर आदि मौजूद थे।
शनिवार को नहीं आया कोई मामला
बागेश्वर। जिला अस्पताल के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. मनीष पंत ने बताया कि शनिवार को जिला अस्पताल में गलघोंटू रोग से संबंधित कोई मामला नहीं आया। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. बीडी जोशी ने बताया कि चचई समेत आसपास के गांवों की निगरानी की जा रही है। इन गांवों में फिलहाल गलघोंटू का कोई प्रभावित मरीज नहीं है। गांवों में टीकाकरण भी कर दिया गया है। लगातार इस पर नजर रखी जा रही है।