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कपकोट की पिंडर घाटी और बिचला दानपुर में बर्फबारी ने बढ़ाई परेशानी

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बागेश्वर के कर्मी गांव में गिरी बर्फ। विज्ञप्ति - फोटो : BAGESHWAR
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पिंडर घाटी और बिचला दानपुर में बर्फबारी ने बढ़ाई परेशानी
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बागेश्वर। जिले में बर्फबारी और बारिश का दौर जारी है। कपकोट के ऊंचाई वाले इलाके पिंडर घाटी, सरयू घाटी और बिचला दानपुर के गांव बर्फ से लकदक हैं। निचले इलाकों में बारिश से तापमान गिर गया है। ठंड के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं बर्फबारी के बाद रिखाड़ी-वाछम और बदियाकोट मोटर मार्ग पर यातायात ठप हो गया है। कर्मी से आगे वाहन नहीं जा रहे हैं। जिससे पिंडर घाटी के लोगों को आवाजाही में दिक्कत हो रही है।
जिले में पिछले दो दिनों से लगातर बर्फबारी हो रही है। कपकोट की पिंडर घाटी के खाती, वाछम, धूर, सोराग, बदियाकोट, किलपारा, विनायक, कर्मी, झूनी, खलझूनी, ढोक्टीगांव, बिचला दानपुर के शामा, लीती, गोगिना, रातिरकेटी, मल्खाडुंर्गचा, भनार, फरसाली आदि गांवों में बर्फ जमा है। दूरस्थ गांवों में एक से दो फीट तक बर्फ जमा हो गई है। बर्फबारी के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में हालात बिगड़ रहे हैं। लोगों के रोजमर्रा के कामकाज पर असर पड़ रहा है। वहीं गांवों के पैदल रास्ते भी बाधित हो रहे हैं। ग्रामीणों को आवाजाही में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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बागेश्वर में 20 तो कपकोट में 30 मिमी बारिश
बागेश्वर। जिले में शुक्रवार की सुबह तक बागेश्वर में 20 मिमी, गरुड़ में 29 मिमी और कपकोट में 30 मिमी बारिश हुई है। इससे पूर्व बृहस्पतिवार को बागेश्वर के कौसानी, पालड़ीछीना, सात-रतबे सहित तमाम इलाकों में बर्फबारी हुई थी। लगातार हो रही बारिश और बर्फबारी से तापमान में गिरावट हो रही है। जिले का अधिकतम तापमान गिरकर 10 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान तीन डिग्री सेल्सियस हो गया है।
पांच सड़कों पर यातायात ठप
बागेश्वर। बर्फबारी और बारिश के बाद जिले की पांच सड़कों पर यातायात ठप हो गया है। कपकोट-शामा सड़क पर किमी 44 और 50 में मलबा आने से यातायात बाधित है। रिखाड़ी-वाछम-बदियाकोट मोटर मार्ग पर बर्फ जमा होने से वाहनों का आवागमन प्रभावित हो रहा है। कर्मी से आगे वाहन नहीं जा रहे हैं। जिसके कारण पिंडर घाटी के लोगों को पैदल चलने पर मजबूर होना पड़ रहा है। विनायक-लीती, रीमा-दोफाड़-धरमघर और शामा-गोगिना मोटर मार्ग पर भी आवागमन ठप हो गया है। सड़कें बंद होने के कारण ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। लोग कई किमी तक पैदल चलने को मजबूर हैं।
दुग नाकुरी और कपकोट के गांवों में बिजली गुल होने से परेशानी
बागेश्वर। बारिश और बर्फबारी से जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली का संकट पैदा हो गया है। दुग नाकुरी तहसील के अधिकांश गांवों में दो दिन से बिजली गुल है। कपकोट के कर्मी गांव के पुलकटी तोक में बिजली का पोल गिरने से आधा दर्जन से अधिक गांवों की बिजली गुल है। बिजली नहीं होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
जिले में बर्फबारी और बारिश के कारण बंद सड़कों को खोलने का काम चल रहा है। ऊर्जा निगम संबंधित स्थानों पर बिजली की समस्या को दूर करने में जुटा है। प्रशासन मौसम के हालात पर नजर बनाए हुए है।
शिखा सुयाल, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी, बागेश्वर
गरुड़ में सोलह घंटे बाद बिजली आपूर्ति बहाल
गरुड़ (बागेश्वर)। तहसील क्षेत्र में सोलह घंटे बाद बिजली की आपूर्ति बहाल हुई। आपूर्ति बहाल होने पर उपभोक्ताओं ने राहत की सांस ली। वहीं, शुक्रवार को भी झमाझम बारिश हुई। कत्यूर घाटी के लोग बर्फ का आनंद लेने कौसानी और ग्वालदम पहुंचे।
बर्फबारी से बाधित मार्गों को शीघ्र खोलें : डीएम
अल्मोड़ा। डीएम वंदना सिंह ने जिले के विभिन्न क्षेत्रों में हुई बर्फबारी और बारिश से बंद मार्गों को शीघ्र खोलने के निर्देश अधीनस्थों को दिए। उन्होंने डीएसओ को निर्देश दिए कि खाद्यान्न, पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति हिमपात वाले क्षेत्रों में तत्काल बहाल की जाए। वहीं, ऊर्जा निगम के अधिकारियों को निर्देश दिए कि आपूर्ति बहाल की जाए एवं सुचारु रखी जाए। जिला प्रशासन ने बताया कि सड़क निर्माण विभाग हिमपात से बाधित हुए सड़क मार्गों को तत्काल खोलने का काम तेज गति से कर रहा हैै। संवाद
परेशान होने पर यहां करें संपर्क
अल्मोड़ा। डीएम ने बताया कि किसी भी प्रकार की समस्या आने पर लोग आपदा प्रबंधन कार्यालय के फोन नंबर 05962-237874, 237875 और मोबाइल 7900433294 पर संपर्क कर सकते हैं।
पुलिस और एसडीआरएफ बनी मददगार
अल्मोड़ा। जिले में दो दिन से हो रही बर्फबारी से कई स्थानों पर रास्ते बंद होने से कई वाहन फंस गए। ऐसे में पुलिस और एसडीआएफ की टीम लोगों के लिए मददगार बन रही है।
बृहस्पतिवार को अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ मोटर मार्ग में भी करीब 100 से अधिक वाहन जाम में फंस गए। सूचना मिलने पर दन्यां थाना प्रभारी सुशील कुमार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और दो जेसीबी लगाकर मार्ग खुलवाया जिसके बाद वाहन अपने गंतव्य को निकले। इसके साथ ही पुलिस ने बर्फबारी के कारण फंसे हुए पर्यटकों को स्थानीय होटलों और स्थानीय लोगों के घरों में ठहराकर उनके भोजन पानी की व्यवस्था की। वहीं, बृहस्पतिवार रात में मझखाली रोड पर एक पेड़ गिरने के कारण मार्ग अवरुद्ध हो गया।
सूचना पर एसडीआरएफ के निरीक्षक बालम सिंह टीम ने अपनी टीम के साथ मिलकर सड़क से पेड़ हटाया। धौलछीना मार्ग में भी पुलिस और प्रशासन की टीम ने जेसीबी की मदद से बर्फ हटाकर रास्ते खोला। लमगड़ा क्षेत्र में भी एक देवदार का पेड़ टूटकर लमगड़ा से शहरफाटक की ओर जा रहे यात्री वाहन के ऊपर गिर गया। सूचना पर थाना प्रभारी लमगड़ा जसविंदर सिंह और एसडीआरएफ की टीम ने मौके पर पहुंचकर पेड़ काटा और यात्रियों को वाहन से बाहर निकालकर उनके घरों को रवाना किया। सैल बैंड में भी बृहस्पतिवार रात जाम लगने से पर्यटकों को परेशानी हुई महिला थाना प्रभारी ने अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचकर जाम खुलवाया।
रानीखेत में बिजली और पेयजल आपूर्ति ठप
रानीखेत (अल्मोड़ा)। दो दिनों से लगातार हो रही बर्फबारी के चलते जन जीवन अस्तव्यस्त है। पर्यटन नगरी में बृहस्पतिवार दोपहर दो बजे से बिजली गुल है। शुक्रवार को खबर लिखे जाने तक भी आपूर्ति बहाल नहीं हुई थी।
शुक्रवार की सुबह भी दो घंटे तक बर्फबारी जारी रही। कई स्थानों पर वाहन फंस गए। लोगों ने सड़क की बर्फ को बमुश्किल हटाकर सड़क पर वाहन चलने लायक बनाया। मजखाली के पास भी भारी बर्फबारी के कारण कई वाहन फंस गए, कई लोग वाहनों को छोड़कर पैदल ही घर चले गए। जिन्हें स्थानीय लोगों की मदद से बमुश्किल निकाला गया।
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इधर, रानीखेत नगर सहित चिलियानौला में पिछले 17-18 घंटे से बिजली गुल है। यूपीसीएल के एसडीओ सौरभ जोशी ने बताया कि नैनी में मुख्य लाइन क्षतिग्रस्त है। एरोड़ स्थित फायरिंग रेंज के पास भी बिजली गुल है। बूबूधाम और घिंघारीखाल में तार क्षतिग्रस्त हैं। झूलादेवी मंदिर के पास और ड्रग फैक्ट्री के समीप तार पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। जिन्हें ठीक करने का प्रयास किया जा रहा है। चिलियानौला नगर पालिका को वैकल्पिक कारचूली फीडर से जोड़ने के प्रयास चल रहे हैं। वहीं, बिजली नहीं होने के कारण पेयजल व्यवस्था भी पटरी से उतर गई। पंपिंग नहीं होने के कारण चिलियानौला, रानीखेत क्षेत्र में पानी की किल्लत झेलनी पड़ी।
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