बागेश्वर। नगर की सड़कों पर रेट्रो साइलेंसर लगे दोपहिया वाहन फिर से फर्राटा भरने लगे हैं। साइलेंसर की कर्कश ध्वनि राहगीरों के लिए परेशानी खड़ी कर रही है। बावजूद इसके पुलिस और हाईवे पेट्रोलिंग यूनिट को इस बात की भनक तक नहीं है। परेशान नगरवासियों ने मोडिफाइड साइलेंसर वाले वाहनों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।
तेज रफ्तार में बाइक दौड़ाना और साइलेंसर को मोडिफाइ करवाना युवाओं का शौक बन गया है। हालांकि उनका यह शौक आम लोगों पर भारी पड़ रहा है। रेट्रो साइलेंसर की तेज ध्वनि से राहगीर और व्यापारियों को दिक्कत हो रही है। बीमार, बुजुर्ग, गर्भवती महिलाओं और हृदय रोगियों के लिए इस साइलेंसर को घातक माना जाता है। बावजूद इसके कुछ युवा अपने दोपहिया वाहनों को मोडिफाई करवाकर धड़ल्ले से नगर की सड़कों पर दौड़ा रहे हैं। सुबह-शाम ही नहीं देर रात तक भी नगर की प्रमुख सड़कों पर तेज आवाज के साथ मोडिफाई वाहन चल रहे हैं। नियमों का पालन करवाने के लिए नगर में तैनात पुलिस और हाईवे पेट्रोलिंग यूनिट भी इसको लेकर अनजान बनी है। इधर, एसपी अमित श्रीवास्तव ने कहा कि पूर्व में रेट्रो साइलेंसर लगे वाहनों के खिलाफ अभियान चलाया गया था। करीब 15 वाहनों के खिलाफ कार्रवाई की गई थी। फिर से नगर में ऐसे वाहनों के चलने की शिकायत मिली है। कोतवाली पुलिस को निर्देश दे दिए गए हैं। मोडिफाइड वाहनों के खिलाफ पुलिस व्यापक अभियान चलाएगी।