फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विकास योजनाओं की राशि को 30 मार्च तक खर्च करें विभाग: सीडीओ

विज्ञापन
बागेश्वर विकासखंड सभागार में जिला योजना की बैठक लेते सीडीओ। विज्ञप्ति - फोटो : BAGESHWAR
विज्ञापन
बागेश्वर। सीडीओ डीडी पंत ने जिला योजना, राज्य सेक्टर, केंद्र पोषित योजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने विकास योजनाओं के लिए प्राप्त राशि को 30 मार्च तक खर्च करने के लिए कहा। पूूर्ण हो चुके निर्माण कार्यों का समय पर भुगतान कराने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए।
विज्ञापन

जिला सभागार में हुई समीक्षा बैठक में सीडीओ पंत ने कहा कि लक्ष्य अधिक है और समय की कमी है। ऐसे में सभी विभागों को कार्यों में तेजी लानी होगी। उन्होंने निर्माणदायी संस्थाओं को कार्य की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के लिए कहा। आचार संहिता से पूर्व शुरू हुए कार्यों की गति तेज करने के निर्देश दिए। सभी विभागीय अधिकारियों से काम समाप्त होने पर कार्यदायी संस्थाओं को तत्काल राशि का भुगतान करने के लिए कहा। अवशेष राशि का जल्द सदुपयोग करने के निर्देश दिए। उन्होंने बीसूका की समीक्षा के दौरान ए श्रेणी वाले विभागों से इसे बनाए रखने, बी, सी श्रेणी के विभागों से प्रगति बढ़ाते हुए ए श्रेणी में आने का प्रयास करने के निर्देश दिए। टास्क फोर्स की समीक्षा के दौरान भौतिक सत्यापन में तेजी लाने के निर्देश दिए। बैठक में डीएफओ हिमांशु बागरी, परियोजना निदेशक संजय सिंह, डीडीओ संगीता आर्या, ईई राजकुमार, संजय कुमार पांडेय, सीएस देवड़ी, डिप्टी सीएमओ डॉ. हरीश पोखरिया, डीईओ बेसिक पद्मेंद्र सकलानी, जिला कार्यक्रम अधिकारी अनुलेखा बिष्ट आदि रहे।
राज्य योजना में 77.24 प्रतिशत ही खर्च कर पाए विभाग
बागेश्वर। समीक्षा बैठक में जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी दिनेश सिंह नेगी ने बताया कि जिले के विभिन्न विभागों ने कुल योजनाओं में 88.69 प्रतिशत राशि खर्च की है। इनमें जिला योजना के तहत 4167 लाख के सापेक्ष 4140.34 लाख की राशि निकाली गई। विभागों ने कुल 4060.44 लाख यानी 97.44 प्रतिशत राशि व्यय की है। राज्य योजना में 14494.35 लाख के सापेक्ष 12838.37 रुपये निकाले गए। विभिन्न विभागों ने कुल 11195.41 लाख यानी 77.24 प्रतिशत खर्च किए हैं। केंद्र पोषित योजनाओं के तहत 15221.30 लाख यानि 94.20 प्रतिशत, बाह्य सहायतित योजनाओं के तहत 4040.75 लाख यानी 98.59 प्रतिशत राशि खर्च की गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें