बागेश्वर। कोविड रोधी टीकाकरण अभियान में जिला लगातार बढ़त पर है। 12 से 14 आयु वर्ग में अब तक 79.5 प्रतिशत बच्चों का टीकाकरण हो चुका है। अन्य आयु वर्ग में भी पहली डोज शत प्रतिशत लोगों को लग चुकी है जबकि दूसरी डोज लगाने का काम भी अंतिम चरण में है। बूस्टर डोज लगाने के मामले में भी जिला लगातार आगे बढ़ रहा है। टीकाकरण को मिल रही इस सफलता के पीछे अभियान से जुड़े कर्मचारियों का अहम योगदान रहा है। अभियान को सफल बनाने के लिए चलाए जा रहे जागरूकता अभियान में आशा कार्यकर्ताओं और सोशल मीडिया का विशेष योगदान रहा है।
कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए 16 जनवरी 2021 से पूरे देश में टीकाकरण अभियान की शुरुआत की गई थी। टीकाकरण को लेकर लोगों के मन में कई शंकाएं थी जिसे दूर करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने व्यापक जागरुकता अभियान चलाया। लोगों को टीकाकरण के लिए राजी करने में आशा कार्यकर्ताओं ने घर-घर जाकर टीकाकरण कराने के लिए लोगों को जागरुक किया। सोशल मीडिया के माध्यम से विभाग ने ग्राम प्रधान, व्यापार मंडल, टैक्सी यूनियन के सदस्यों के ग्रुप बनाए। ग्रुप के माध्यम से कोविड से बचाव के लिए टीकाकरण कराने को प्रेरित किया गया। गली-गली में लाउडस्पीकर के माध्यम से भी टीकाकरण की अपील की गई। इसका सकारात्मक परिणाम निकला और जिले में हर आयु वर्ग के लोगों ने टीकाकरण को लेकर विशेष उत्साह दिखाया।
बागेश्वर में टीकाकरण का विवरण
- जिले में 12 से 14 आयु वर्ग में शासन से मिले 8734 लक्ष्य के सापेक्ष 6449 बच्चों को पहली डोज लग चुकी है।
-15 से 17 आयु वर्ग में 13993 लक्ष्य के सापेक्ष 14013 (100.14 प्रतिशत) किशोरों को पहली और 12607 (90.12 प्रतिशत) को दूसरी डोज लगा दी गई है।
-18 से 44 आयु वर्ग में 1,09,933 लक्ष्य के सापेक्ष 1,09,508 (99.61 प्रतिशत) को पहली और 96,200 (87 प्रतिशत) लोगों को दूसरी डोज लग चुकी है।
-45 से 59 आयु वर्ग में 30,868 लक्ष्य के सापेक्ष 40,658 (153.79 प्रतिशत) को पहली और 39,819 लोगों को दूसरी डोज लगा दी गई है।
-60 से अधिक आयु वर्ग में 31,409 लक्ष्य के सापेक्ष 36040 (114.79 प्रतिशत) लोगों को पहली और 35,776 को दूसरी डोज लगा दी गई है।
-स्वास्थ्य कर्मचारियों में 2529 के सापेक्ष 2321 (99.80 प्रतिशत) और 2329 अग्रिम पंक्ति कर्मचारियों के सापेक्ष 2321 (99.62 प्रतिशत) ने कोविड रोधी टीके की दोनों डोज लगा ली हैं।
-जिले में 2429 हेल्थ वर्कर और 5423 अग्रिम पंक्ति और चुनाव कर्मचारियों को बूस्टर ने प्रीकॉशन डोज लगवाई है।
-10,613 सीनियर सिटीजन को टीके की तीसरी डोल लगवा दी गई है।
जिले में टीकाकरण अभियान को सफल बनाने में हर कर्मचारी ने अपना योगदान दिया है, लेकिन आशा कार्यकर्ताओं ने जागरुकता से लेकर टीकाकरण तक बेहतरीन कार्य किया है। आशाओं की जागरुकता के चलते ग्रामीण क्षेत्रों में टीकाकरण को सफल बनाने में विशेष मदद मिली। जागरुकता में सोशल मीडिया और माइक से प्रचार-प्रसार करने में भी मदद अच्छी सहयोग मिला।
-डॉ. प्रमोद जंगपांगी, नोडल अधिकारी टीकाकरण बागेश्वर
ऑक्सीजन में आत्मनिर्भर हुआ बागेश्वर
बागेश्वर। कोरोना काल में बागेश्वर ऑक्सीजन के क्षेत्र में आत्मनिर्भर हो गया है। जिला अस्पताल में 400 और 250 एलपीएम के दो जेनरेशन प्लांट लगे हुए हैं। कांडा और कपकोट सीएचसी में भी ऑक्सीजन जेनरेशन प्लांट स्थापित कर दिए गए हैं।