इसका होता है मूल्यांकन:
आकांक्षी भारत योजना के तहत विकासखंडों में स्वास्थ्य, पोषण, शिक्षा, कृषि, मूलभूत सुविधा, सामाजिक विकास का मूल्यांकन किया जाता है।
इसलिए सुधरी कपकोट की रैंकिंग
शिक्षा में ड्रॉपआउट बहुत कम हुआ है।
मातृ व शिशु कल्याण, टीकाकरण एवं संस्थागत प्रसव में बहुत सुधार हुआ है
बीमारियों की स्क्रीनिंग की प्रक्रिया बेहतर है।
ये ब्लॉक हैं आकांक्षी योजना में शामिल:
पौड़ी का दुगड्डा, हरिद्वार का बहदराबाद, ऊधमसिंह नगर का गदरपुर, अल्मोड़ा का स्याल्दे, बागेश्वर का कपकोट और उत्तरकाशी का मोरी
कपकोट विकासखंड ने हाल के वर्षों में शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, कृषि, सामाजिक विकास के क्षेत्र में काफी तरक्की की है। इसी का परिणाम है कि पूरे देश में कपकोट को 34वां स्थान प्राप्त हुआ है। -सुरेश गढ़िया, विधायक कपकोट।
कपकोट विकासखंड में योजनाएं धरातल पर उतरी हैं। विकासखंड को पिछले तीन साल में 700 आवास मिले थे। अब कपकोट में एक भी परिवार आवासविहीन नहीं है। -गोविंद सिंह दानू, क्षेत्र प्रमुख कपकोट।