ये हैं ग्रामीणों की मांग
-हताहतों और घायलों के परिजनों को सरकारी नौकरी।
-मृतकों के परिजनों को 50 लाख, घायलों के परिजनों को 25 लाख मुआवजा मिलना चाहिए।
-वनबीट अधिकारियों के रिक्त पदों को भरने, फायर वाॅचरों की नियुक्ति ग्राम और वन पंचायत को विश्वास में लेकर होनी चाहिए।
- फायर वाॅचरों का बीमा कराने और उन्हें एक हजार रुपये प्रतिदिन का मानदेय मिलना चाहिए।
-वनाग्नि के कार्य में लगाए जा रहे कार्मिकों को प्रशिक्षित किया जाना चाहिए।
- अग्नि बटियाओं का निर्माण किए जाने, वनाग्नि पर काबू पाने के लिए चाल खाल, तालाब, चेकडैम का निर्माण किया जाना चाहिए।
-चीड़ के पेड़ों के विस्तार को रोकने के लिए उचित प्रयास, बिनसर अभयारण्य में प्रवेश के लिए मिलने वाले शुल्क को आसपास के गांवों के विकास में खर्च करना चाहिए।