अल्मोड़ा। लोक निर्माण विभाग मिनिस्टीरियल एसोसिएशन प्रांतीय कार्यसमिति की प्रेरणा सदन में हुई बैठक में वक्ताओं ने पीएमजीएसवाई खंड से लोक निर्माण विभाग नाम हटाने का विरोध किया। उन्होंने पीएमजीएसवाई खंडों के निसंवर्गीय पदों को संवर्गीय करने की मांग की।
बैठक में प्रस्ताव पारित किया गया कि स्थानांतरण और समायोजन संगठन के पदाधिकारियों को विश्वास में लेकर किए जाएं। एक लेखाधिकारी के कई खंडों में एक साथ काम करने का विरोध किया। उन्होंने कहा कि पुरानी पेंशन व्यवस्था जल्द लागू की जानी चाहिए। पीएमजीएसवाई खंड से लोक निर्माण विभाग नाम हटा दिया गया है, जिस पर उन्होंने नाराजगी जताई। बैठक में सभी जिलों के सदस्यों ने अपनी-अपनी समस्याएं रखीं। पूर्व प्रदेश अध्यक्ष चंद्रमणी भट्ट ने कर्मचारियों की समस्याएं के हल की मांग उठाई। कार्यक्रम में प्रधान सहायक संजय सिंह अधिकारी को शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। अल्मोड़ा जिलाध्यक्ष टीका सिंह खोलिया, जिला सचिव दीप तिवारी ने प्रांतीय अध्यक्ष, महामंत्री सहित अन्य प्रांतीय पदाधिकारियों का माल्यार्पण किया। अध्यक्षता प्रांतीय अध्यक्ष सुभाष देवलियाल और संचालन आनंद सिंह पुजारी ने किया। बैठक में मंडलीय अध्यक्ष विक्रम सिंह रावत, महामंत्री गढ़वाल मातबर लाल, कुमाऊं अध्यक्ष सुरेंद्र सोनकर, महासचिव कंचन आर्या, संगठन मंत्री कृष्ण मोहन, डीएस नेगी, दिगंबर रावत, प्रभु रावत, विपिन वशिष्ठ, एमसी कांडपाल, अमर सिंह रजवार, पुष्प लता आर्या, भगवंत जंतवाल, हयात सिंह आदि थे। बैठक में 13 जिलों के पदाधिकारी शामिल हुए।
कर्मचारियों की समस्याओं को शासन स्तर पर रखकर उनके समाधान का पूरा प्रयास किया जाता है। संगठन इसलिए बनते हैं कि कार्मिकों की समस्याओं का त्वरित समाधान हो। किसी भी कर्मचारी का उत्पीड़न नहीं होने दिया जाएगा।
सुभाष देवलियाल, प्रांतीय अध्यक्ष लोक निर्माण विभाग मिनिस्टीरियल एसोसिएशन
स्थानांतरण एक्ट 2017 में कुछ कमियां है। इसे जल्द दूर किया जाना चाहिए। निकट भविष्य में स्थानांतरण और प्रमोशन होने हैं। कर्मचारियों के पारिवारिक परिस्थितियों के अनुसार उनके नजदीकी खंडों में स्थानांतरण किया जाए।
आनंद सिंह पुजारी, प्रांतीय महामंत्री लोक निर्माण विभाग मिनिस्टीरियल एसोसिएशन
हर तीसरे महीने बैठक कर कर्मचारियों की समस्याओं को सुना जाता है। लोनिवि में मिनिस्टीरियल कर्मचारियों के अधिकारों को कम किया जा रहा है जो ठीक नहीं है। मुख्य प्रशासनिक अधिकारियों की तैनाती उनकी उम्र को देखते हुए उनके जिलों में ही की जाए।
चंद्रमणि भट्ट, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष लोक निर्माण विभाग मिनिस्टीरियल एसोसिएशन