पद संभालने के बाद दूसरी बार बनारस दौरे पर पहुंचे सीएम योगी आदित्यनाथ ने रविवार को करीब डेढ़ घंटे तक जिले में चल रहा विकास कार्यों एवं बुनियादी सुविधाओं का हाल जाना। सर्किट हाउस में आयोजित समीक्षा बैठक में सिंचाई विभाग, जल निगम और पुलिस महकमा उनके निशाने पर रहा।
सिंचाई विभाग और जल निगम के अधिकारियों को उन्होंने दो टूक कहा कि काम में सुधार ले आएं नहीं तो पूरे स्टाफ को सस्पेंड कर दूंगा। वरुणा कारीडोर निर्माण में देरी और लापरवाही पर वह सिंचाई विभाग के अधिकारियों पर खूब बरसे।
कहा कौन अधिकारी क्या कर रहा है, उसकी पूरी रिपोर्ट मिल रही है। शहर में 23 ओवरहेड टैंक चालू न होने पर जल निगम को चेतावनी देते हुए कि उन्हें 15 अगस्त पूरा करने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दोपहर 1:15 बजे सर्किट हाउस पहुंचे।
एक निजी चैनल को इंटरव्यू देने के बाद उन्होंने अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक शुरू की। बैठक में सूचना एवं विधि न्याय मंत्री डा. नीलकंठ तिवारी, मंत्री अनिल राजभर, भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष लक्ष्मण आचार्य, सभी विधायक, एमएलसी भी मौजूद थे।
करीब डेढ़ घंटे तक चली समीक्षा बैठक में सीएम ने केंद्रीय एवं प्रदेश सरकार की योजनाओं की समीक्षा के साथ ही शहर में चल रहे निर्माण कार्यों की पूरी पड़ताल की। सामनेघाट, मंडुवाडीह, बलुआघाट और चौकाघाट-लहरतारा तक बन रहे फ्लाईओवर के बारे में भी पूछताछ की।
सेतु निगम के अधिकारियों पर नाराजगी जताते हुए कहा कि कई बार निर्माण कार्य पूरा होने की मियाद बढ़ाई जा चुकी है। 27 जून तक सेतु निगम एक भी फ्लाईओवर तैया नहीं कर सका तो ठीक नहीं है।
कमिश्नर नितिन रमेश गोकर्ण और डीएम योगेश्वर राम मिश्रा को अपनी निगरानी में जल्द से जल्द काम पूरा कराने का निर्देश दिया। अफसरों ने 31 जुलाई तक सामनेघाट पुल पूरा करने का भरोसा दिलाया। बिजली विभाग की समीक्षा करते हुए कहा कि 24 घंटे बिजली देना सुनिश्चित करें। बिना जरूरी कारण आपूर्ति बंद न करें।