फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सीएम योगी का आज पूर्वांचल का तूफानी दौरा, पीएम आगमन की तैयारियों का लेंगे जायजा

Wed, 11 Jul 2018 01:58 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
विज्ञापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वाराणसी प्रवास की तैयारियों को जानने के लिए बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ वाराणसी आएंगे। आजमगढ़ में प्रधानमंत्री की सभा और अन्य तैयारियों का निरीक्षण करने के बाद दोपहर में एक बजे मुख्यमंत्री वाराणसी पहुंचकर राजातालाब स्थित सभास्थल का निरीक्षण करेंगे।
विज्ञापन


प्रधानमंत्री 14 जुलाई को वाराणसी में राजातालाब के कचनार में जनसभा को संबोन्धित करेंगे। मुख्यमंत्री सभास्थल और हेलीपैड के निरीक्षण के बाद सर्किट हाउस में लोकार्पण और शिलान्यास होने वाली परियोजनाओं की जानकारी के साथ उनकी समीक्षा करेंगे।

इस दौरान मुख्यमंत्री प्रधानमंत्री के हाथों लोकार्पण होने वाली परियोजना का स्थलीय निरीक्षण भी कर सकते हैं। इसके बाद सीएम योगी आदित्यनाथ मिर्जापुर रवाना होंगे। मुख्यमंत्री के आगमन से पहले प्रशासन भी तैयारियों में जुटा रहा। 
विज्ञापन

सीएम योगी को पॉवर प्वाइंट पर दिखाएंगे तैयारी

 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रवास की तैयारियों को जानने बुधवार को वाराणसी आ रहे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को अपनी मुकम्मल व्यवस्था दिखाने को प्रशासन ने पॉवर प्वाइंट प्रजेंटेशन तैयार किया है।

इसमें प्रधानमंत्री के आगमन से लेकर पूरे प्रवास का मिनट टू मिनट तैयारी को प्रदर्शित किया गया है। इसके अलावा प्रधानमंत्री की जनसभा से लेकर अन्य कार्यक्रमों में सुरक्षा और शहर से गुजरने वाले रूट आदि से जुड़ी तैयारियों पर चर्चा की जाएगी।

उधर, मुख्यमंत्री के आगमन से पहले मंडलायुक्त और जिलाधिकारी ने अलग-अलग समीक्षा बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की। शहर में विशेष सफाई अभियान और सड़कों पर स्मूथ यातायात व्यवस्था रखने का निर्देश दिया है।

प्रधानमंत्री के वाराणसी प्रवास में जिलाधिकारी समन्वयक की भूमिका मेें होंगे। बाबतपुर से लेकर सभास्थल, डीरेका सहित शहर में करीब दो दर्जन मजिस्ट्रेट की तैनाती की जाएगी।

इसमें प्रधानमंत्री के गुजरने वाले रूट और दो दो रूट को विकल्पों के तौर पर रखा गया है। इसके अलावा प्रधानमंत्री के दौरे के मद्देनजर सीसीटीवी कैमरे आदि भी जगह जगह लगाए जा रहे हैं। इन सबका ब्यौरा मुख्यमंत्री के समक्ष रखा जाएगा।

प्रशासन ने वाराणसी के विकास में चल रही 500 करोड़ रुपये की 32 परियोजनाओं की सूची तैयार की है। इसमें एक एक परियोजना की पूरी विस्तृत रिपोर्ट भी मुख्यमंत्री के सामने रखी जाएंगी। प्रशासन ने इन परियोजनाओं पर निरीक्षण की भी तैयारी कर रहा है। यदि मुख्यमंत्री अचानक किसी परियोजना को मौके पर देखना चाहेंगे तो उसकी भी तैयारी की गई है।
 

एसपीजी की छह सदस्यीय टीम पहुंची बनारस

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ - फोटो : अमर उजाला
 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगमन के मद्देनजर मंगलवार को शहर में एसपीजी का छह सदस्यीय दल और एनएसजी कमांडो आ गए। इस बीच केंद्र और राज्य सरकार की खुफिया इकाइयों के अधिकारियों ने भी शहर में डेरा डाल कर सूचना संकलन और निगहबानी का काम शुरू कर दिया है।

प्रधानमंत्री मोदी 14 जुलाई को शहर आएंगे और 15 जुलाई को वापस नई दिल्ली रवाना होंगे। एसपीजी के अति विशिष्ट सुरक्षा घेरे में रहने वाले प्रधानमंत्री के ठहराव स्थल, कार्यक्रम स्थल और हेलीपैड के साथ ही बाबतपुर एयरपोर्ट का निरीक्षण सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर करेंगे।

बता दें कि हाल ही में प्रधानमंत्री मोदी की जान को खतरा बताया गया था और उनका सुरक्षा घेरा और ज्यादा सशक्त बनाया गया है। प्रधानमंत्री शहर में एसपीजी के साथ ही एनएसजी कमांडो, इंटेलिजेंस एजेंसियों और सेंट्रल पैरामिलिट्री फोर्स के साथ ही पुलिस-पीएसी के सुरक्षा घेरे में रहेंगे।

वहीं, प्रधानमंत्री की सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर इस बार नक्सल प्रभावित जिलों सोनभद्र, मिर्जापुर और चंदौली की निगहबानी भी खुफिया इकाइयों के जवान करेंगे। बता दें कि प्रधानमंत्री के दौरे के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर पुलिस, पीएसी और पैरामिलिट्री फोर्स के दस हजार से ज्यादा जवान तैनात रहेंगे। 
विज्ञापन

तहसील के अधिवक्ता मुख्यमंत्री को दिखाएंगे काला झंडा

काले झंडे - फोटो : demo


 राजातालाब तहसील बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने तहसील परिसर की सफाई न होने और पेयजल की व्यवस्था न होने से नाराज हैं। मांग के बावजूद समस्या का समाधान न होने पर अधिवक्ताओं ने मुख्यमंत्री को काला झंडा दिखाए जाने के लिए बार की बैठक में प्रस्ताव पास किया।

बार के पूर्व अध्यक्ष सुनील सिंह ने कहा कि प्रदेश सरकार राजातालाब तहसील को आदर्श बनाना चाहती है। इसके लिए अधिवक्ता लगातार संसाधनों की मांग कर रहे हैं। बावजूद समस्या की भरमार है।

इसके विरोध में अधिवक्ताओं ने मुख्यमंत्री से मिलने की मांग की थी। इनकी मांगों को अनसुनी किए जाने के कारण ही अधिवक्ताओं ने काला झंडा दिखाने का निर्णय लिया है।
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें